बुरहानपुर: जिले में ग्रामीण विकास कार्यों में सुस्ती और लापरवाही पर नेपानगर विधायक मंजू राजेंद्र दादू ने कड़ा रुख अपनाते हुए अधिकारियों को स्पष्ट चेतावनी दी है। उन्होंने दो टूक कहा कि शासन की योजनाओं के क्रियान्वयन में अब किसी भी प्रकार की शिथिलता स्वीकार नहीं की जाएगी। विकासखंड खकनार के खकनार, तुकईथड़, देड़तलाई एवं परेठा सेक्टर की ग्राम पंचायतों में संचालित विकास कार्यों एवं जनकल्याणकारी योजनाओं की समीक्षा बैठक के दौरान, कार्यों की धीमी प्रगति पर उन्होंने संबंधित अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई।
‘फाइलों में नहीं, धरातल पर नजर आने चाहिए परिणाम’
विधायक ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि सरकार योजनाएं आम जनता के लिए बनाती है, फाइलों में सजाने के लिए नहीं। यदि किसी पात्र हितग्राही तक योजना का लाभ नहीं पहुंचा या विकास कार्यों में अनावश्यक देरी हुई, तो संबंधित अधिकारी इसके लिए सीधे जिम्मेदार होगा। अब केवल बैठकों से काम नहीं चलेगा, बल्कि परिणाम जमीन पर दिखाई देने चाहिए। उन्होंने निर्देश दिए कि प्रत्येक विकास कार्य निर्धारित समय-सीमा के भीतर और पूरी गुणवत्ता के साथ पूर्ण होना चाहिए। लापरवाही, उदासीनता या अनावश्यक विलंब पाए जाने पर संबंधित अधिकारी-कर्मचारी के विरुद्ध सख्त कार्रवाई के लिए शासन को प्रतिवेदन भेजा जाएगा।
‘बिना पूर्व सूचना के करूंगी औचक निरीक्षण, तय होगी जवाबदेही’
विधायक मंजू राजेंद्र दादू ने चेतावनी देते हुए कहा कि वे स्वयं बिना किसी पूर्व सूचना के ग्राम पंचायतों का आकस्मिक (औचक) निरीक्षण करेंगी। इस निरीक्षण के दौरान यदि अधूरे कार्य, घटिया गुणवत्ता, अनुपस्थित अमला अथवा योजनाओं के क्रियान्वयन में लापरवाही मिली, तो मौके पर ही जवाबदेही तय की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को सख्त हिदायत दी कि वे कार्यालयों तक सीमित रहने के बजाय गांवों में जाकर लोगों की समस्याओं का समाधान करें और विकास कार्यों की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दें।
पीएम आवास और संबल योजना के हितग्राहियों को मिले समय पर लाभ
समीक्षा बैठक के दौरान विधायक ने प्रधानमंत्री आवास योजना (PM Awas Yojana) के पात्र हितग्राहियों को समय पर किश्तों का भुगतान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही, वीबी-ग्रामजी योजना के अंतर्गत पेयजल, सड़क, नाली, भवन मरम्मत एवं अन्य आवश्यक विकास कार्यों को प्राथमिकता देने, पंचायत अमले की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने, प्रत्येक गांव में पेयजल व्यवस्था सुदृढ़ रखने और जनप्रतिनिधियों के सहयोग से व्यापक वृक्षारोपण अभियान चलाने के निर्देश दिए। संबल योजना (Sambal Yojana) के तहत पात्र परिवारों को अंत्येष्टि सहायता एवं अनुग्रह राशि का समय-सीमा में भुगतान सुनिश्चित करने पर विशेष जोर देते हुए उन्होंने कहा कि गरीबों से जुड़ी योजनाओं में देरी उनके अधिकारों के साथ बड़ा अन्याय है।


