यूपी के सीतापुर जिले में 100 करोड़ रुपए से अधिक की जीएसटी चोरी का मामला सामने आया है. पुलिस ने जीएसटी की चोरी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है. गिरोह (7 fraudsters behind bars) लकड़ी के कारोबार के जरिए जीएसटी की चोरी करता था. खैराबाद थाना क्षेत्र और स्पेशल ऑपरेशंस ग्रुप (एसओजी) की संयुक्त टीम ने यह कार्रवाई की है. आइए जानते हैं कि पूरा मामला क्या है.
7 fraudsters behind bars – इस कार्रवाई में 7 अंतर्जनपदीय शातिर अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है. पुलिस महानिदेशक श्री राजीव कृष्ण के सख्त निर्देशों के तहत प्रदेश में लूट, चोरी, ठगी और संगठित आर्थिक अपराधों पर लगाम कसने की मुहिम के तहत यह कार्रवाई की गई. सीतापुर पुलिस अधीक्षक की निगरानी में टीम ने ग्राम असोथर के पास से इन आरोपियों को गिरफ्तार किया है.
5 लैपटाॅप, 37 मोबाइल और 8 लाख रुपए बरामद
8 लाख रुपये नकद, 5 लैपटॉप, 37 मोबाइल फोन और 80 सिम कार्ड, 37 एटीएम कार्ड, 39 स्टैंप/मोहर, 18 बिल बुक, 10 पैन कार्ड, 57 चेक बुक और 135 चेक (विभिन्न बैंकों के), 10 बैंक पासबुक, 9 डिजिटल सिग्नेचर USB डिवाइस, 2 हार्ड डिस्क, 651 फर्जी बिल/टैक्स इनवॉइस/ई-वे बिल (विभिन्न फर्मों के), 2 चार पहिया वाहन, किराया नामा, नोटरी, आधार-कार्ड/पैन सहित कई अन्य दस्तावेज बरामद किए हैं.
लकड़ी कोराबार के माफिया हैं आरोपी
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वह लकड़ी व्यापार के माफिया भी हैं. गिरोह के सदस्य कम पढ़े-लिखे, भोले-भाले लोगों को सरकारी योजनाओं के लाभ और मोटे मुनाफे का लालच देकर उनके आधार कार्ड, पैन और अन्य कागजात हासिल करते थे. इन कागजातों के आधार पर उनके नाम पर फर्जी/बोगस फर्में रजिस्टर कराई जाती थीं और बैंक खाते खुलवाए जाते थे. फर्जी लकड़ी व्यापार दिखाकर जीएसटी रजिस्ट्रेशन कराया जाता था.


