वेस्ट त्रिपुरा : उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सोमवार को त्रिपुरा राज्य के पश्चिमी क्षेत्र में मां सिद्धेश्वरी मंदिर के उद्घाटन एवं प्राण-प्रतिष्ठा कार्यक्रम में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि हम सबको ध्यान रखना होगा कि ‘धर्म एव हतो हन्ति धर्मो रक्षति रक्षितः’ यानी ‘अगर हम धर्म की रक्षा करेंगे तो धर्म हमारी भी रक्षा करेगा। अगर अपने स्वार्थ के लिए हम अपने धर्म का बलिदान करेंगे तो (Sudarshan Is Necessary For Security) धर्म भी आपके साथ उसी प्रकार का व्यवहार करेगा।’

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सीएम योगी ने कहा कि आज हम पूरे देश के अंदर ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ के रूप में एक मजबूत देश के लिए कार्य कर रहे हैं। पीएम नरेंद्र मोदी का संकल्प, सामर्थ्य और उनकी विजनरी लीडरशिप एक यात्रा के साथ आगे बढ़ रही है। हम सब ये भी जानते हैं कि भगवान श्रीकृष्ण की स्मृति हम सबके सामने आती है तो एक हाथ में मुरली है दूसरे हाथ में सुदर्शन भी तो है। केवल मुरली से काम नहीं चलेगा, बल्कि सुरक्षा के लिए सुदर्शन भी आवश्यक है, ”सुदर्शन जब आपके सामने होगा तो फिर किसी श्रीश्री शांतिकाली महाराज को अपना बलिदान नहीं देना पड़ेगा।”

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Sudarshan Is Necessary For Security – उन्होंने कहा कि अयोध्या में प्रभु श्रीराम का भव्य मंदिर बनने से पांच सदी का इंतजार समाप्त हुआ है। कुछ लोगों को मंदिर के बन जाने से बुरा लग रहा है, जिन्हें बुरा लग रहा है, उनका हम क्या कर सकते हैं। हम भारत की बहुसंख्यक जनता की आस्था को सम्मान दे रहे हैं। उन्होंने कहा,अयोध्या, मथुरा और काशी सनातन धर्म की आस्था के तीन प्रमुख स्तंभ हैं। ये तीनों स्थल जैसे आज पूज्य हैं, उसी रूप में आगे भी बढ़ते हुए दिखाई देंगे। इसमें कोई संदेह नहीं है। सनातन धर्म ‘सर्वे भवन्तु सुखिन:’ की बात करता है, लेकिन ये तभी संभव है, जब हम सुरक्षित रहेंगे।

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