उज्जैन : खाचरोद तहसील सीमा की आखिरी में स्थित मलेनी नदी के किनारे ग्राम गोठड़ा माताजी में करीब डेढ़ सौ साल से हर साल भविष्यवाणी की जाती है. इस बार भी चैत्र नवरात्रि की रामनवमी (sound of world war) पर भविष्यवाणी सुनने के लिए मध्य प्रदेश के अलावा राजस्थान, गुजरात, महाराष्ट्र के हजारों भक्त पहुंचे. ये स्थान किसानों के साथ ही राजनीति से जुड़े लोगों और व्यापारियों के लिए आस्था का केन्द्र है.

गोठड़ा वाली माताजी में पंडा मांगू चौधरी ने भविष्यवाणी में बताया “इस साल राजनीति में बड़ी उठापटक होगी, ईरान-इजराइल के बीच युद्ध चलता रहेगा. भूकंप के जोरदार झटके लगेंगे, बीमारिया का प्रकोप रहेगा. यह कोरोना जैसी नहीं होगी.” भविष्यवाणी में बताया गया “इस वर्ष अच्छी वर्षा होगी और 7 से 8 मावठे पड़ेंगे. सही समय पर बारिश होने से फसलें अच्छी होंगी.”

इसे भी पढ़ें – जबलपुर में रेत निकालने वाली ‘पनडुब्बी’! अवैध उत्खनन का पूरा गणित और माफिया का खतरनाक जुगाड़

sound of world war – “बारिश की शुरुआत में किसान फसलों की बुआई कर लें. खेती किसानी के लिए मंगलवार और तेरस का दिन शुभ है. गेहूं के भाव अच्छे मिलेंगे. लहसुन व सोयाबीन के भाव इस बार तेज रहेंगे. भविष्वाणी में बताया गया “हनुमान जी की पूजा-अर्चना करने से सब समस्याएं दूर होगीं.”

भविष्यवणी सुनने के बाद किसानों का कहना है कि ये सुनकर राहत मिली कि बारिश अच्छी होगी. इससे फसल अच्छी होगी. फसलों को भी सही दाम मिलेंगे. इसके साथ ही रबी की फसल में मावठा गिरने से खासा लाभ होगा. लेकिन चिंता की बात ये कि खाड़ी में जारी युद्ध रुकने को लेकर बाबा की भविष्यवाणी दुनिया को चिंता में डालने वाली है.

Share.
Exit mobile version