ईरान समर्थित हूती विद्रोही लगातार सऊदी अरब को निशाना बना रहे हैं और वे पिछले कई दिनों से एयरपोर्ट्स व अन्य महत्वपूर्ण ठिकानों को टारगेट कर हमले कर रहे हैं. इस बीच अमेरिका ने सऊदी अरब में अपने दूतावास के गैर-आपातकालीन कर्मचारियों और उनके परिवारों को देश छोड़ने का सख्त आदेश जारी कर दिया है. यही नहीं, संयुक्त अरब अमीरात (UAE), जॉर्डन, कतर और बहरीन के लिए भी इसी तरह के निर्देश दिए गए हैं. अमेरिकी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता टॉमी पिगॉट ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर जानकारी दी कि हूती विद्रोही लगातार सिविलियन एयरपोर्ट्स और महत्वपूर्ण इंफ्रास्ट्रक्चर को निशाना बना रहे हैं, जिससे आम नागरिकों की जान को खतरा पैदा हो गया है और ट्रैवल व्यवस्था भी बुरी तरह प्रभावित हो रही है.
🛢️ शायबा ऑयल फील्ड पर ड्रोन हमले के मलबे से लगी आग, एक फिलीपींस और एक नेपाल के नागरिक की मौत
बीते दिन सऊदी अरब के रक्षा मंत्रालय ने आधिकारिक बयान जारी कर बताया कि एक ड्रोन को हवा में रोके जाने के बाद उसके मलबे का कुछ हिस्सा शयबाह ऑयल फील्ड में एक ठेकेदार की गाड़ी पर आ गिरा, जिससे वहाँ अचानक आग लग गई. यह घटना ऐसे समय में हुई है जब यमन में हूती विद्रोहियों और सऊदी गठबंधन के बीच इस साल जुलाई में चार साल पुराना संघर्ष-विराम टूटने के बाद से फिर से भीषण लड़ाई चल रही है. सऊदी ऊर्जा मंत्रालय के सूत्र के अनुसार, बुधवार सुबह पूर्वी प्रांत में स्थित सऊदी अरामको के शायबा तेल क्षेत्र की प्रोसेसिंग फैसिलिटी को निशाना बनाने की कोशिश कर रहे ड्रोन को एयर डिफेंस ने रोक लिया था, हालाँकि मलबे की चपेट में आने से एक फिलीपींस और एक नेपाल के नागरिक की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि एक भारतीय और एक पाकिस्तानी नागरिक गंभीर रूप से घायल हो गए हैं.
🇮🇳 भारतीय दूतावास का बयान: घायल भारतीय नागरिक को उपलब्ध कराई जाएगी हर संभव मदद
सऊदी अरब में एक भारतीय नागरिक के घायल होने की आधिकारिक सूचना मिलते ही रियाद स्थित भारतीय दूतावास ने तुरंत प्रतिक्रिया दी है. दूतावास की ओर से कहा गया है कि हमें इस बात की जानकारी मिल चुकी है कि शायबा ऑयल फील्ड पर हुए इस कायराना हमले में एक भारतीय नागरिक घायल हुआ है. भारतीय अधिकारी लगातार सऊदी प्रशासन और स्थानीय अधिकारियों के संपर्क में हैं तथा आगे की विस्तृत जानकारी का इंतजार किया जा रहा है. दूतावास ने यह भी आश्वासन दिया है कि घायल भारतीय नागरिक को हरसंभव चिकित्सीय और कूटनीतिक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी.


