Close Menu
करंट न्यूज़करंट न्यूज़
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • इंदौर में कलयुगी बेटी की करतूत: मां के खाते से उड़ाए मृत पिता के ₹80 लाख, कोर्ट के आदेश पर बेटी-दामाद पर FIR
    • वेस्टइंडीज का 26 साल पुराना सपना टूटा! Port of Spain टेस्ट में पाकिस्तान की धमाकेदार जीत, बाबर-शफीक चमके
    • राजपाल यादव की बढ़ीं मुश्किलें: शाहजहांपुर की दो संपत्तियां होंगी नीलाम, सेंट्रल बैंक का ₹16.61 करोड़ का बकाया
    • केंद्र सरकार की ‘गोल्ड मोनेटाइजेशन स्कीम’ में बड़े बदलाव की तैयारी, ज्वैलर्स को मिल सकता है 1% अतिरिक्त इंसेंटिव
    • पीएम मोदी का पोस्ट डिलीट होने पर भड़की सरकार, मेटा चीफ जोएल कपलान ने अश्विनी वैष्णव से मिलकर मांगी माफी
    • बालों के झड़ने के पीछे कहीं प्रोटीन की कमी तो नहीं? जानें शरीर में दिखने वाले 5 संकेत और घरेलू उपाय
    • बसपा के एकमात्र विधायक उमाशंकर सिंह के निधन पर मायावती ने जताया गहरा शोक, बताया पार्टी का वफादार स्तंभ
    • डांगावास हत्याकांड: 11 साल बाद अदालत का बड़ा फैसला, CBI सबूत साबित करने में नाकाम, सभी 40 आरोपी बरी
    करंट न्यूज़करंट न्यूज़
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    Thursday, August 6
    • होम
    • राज्य
      • दिल्ली
      • उत्तर प्रदेश
      • उत्तराखण्ड
      • मध्य प्रदेश
      • छत्तीसगढ़
      • हिमांचल प्रदेश
      • पंजाब
      • झारखण्ड
      • बिहार
      • राजस्थान
      • हरियाणा
      • गुजरात
      • महाराष्ट्र
      • जम्मू कश्मीर
    • देश
    • विदेश
    • मनोरंजन
    • खेल
    • टेक्नोलॉजी
    • धार्मिक
    • लाइफ स्टाइल
    करंट न्यूज़करंट न्यूज़
    Home » केंद्र सरकार की ‘गोल्ड मोनेटाइजेशन स्कीम’ में बड़े बदलाव की तैयारी, ज्वैलर्स को मिल सकता है 1% अतिरिक्त इंसेंटिव

    केंद्र सरकार की ‘गोल्ड मोनेटाइजेशन स्कीम’ में बड़े बदलाव की तैयारी, ज्वैलर्स को मिल सकता है 1% अतिरिक्त इंसेंटिव

    August 6, 2026 व्यापार 2 Mins Read
    Gold Monetisation Scheme
    Share
    Facebook Twitter Email WhatsApp Copy Link

    नई दिल्ली: केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी गोल्ड मोनेटाइजेशन स्कीम (Gold Monetisation Scheme – GMS) को अधिक व्यावहारिक और जन-सुलभ बनाने हेतु इसमें व्यापक परिवर्तन किया जा सकता है।

    यदि नया प्रस्ताव स्वीकृत हो जाता है, तो ज्वैलर्स को आम ग्राहकों से प्राप्त किया गया पुराना सोना अधिकृत रिफाइनरी तक पहुँचाने के एवज में लगभग 1% का अतिरिक्त इंसेंटिव प्राप्त होगा। इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन (IBJA) ने इस संदर्भ में सरकार को एक नया रूपरेखा प्रस्ताव प्रेषित किया है। इस नए मॉडल के तहत, ज्वैलर्स ग्राहकों से पुराना सोना संग्रहित कर रिफाइनर्स को सौंपेंगे और बदले में उन्हें इस सेवा हेतु कमीशन/इंसेंटिव प्रदान किया जाएगा।

    Gold Monetisation Scheme – इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन (IBJA) के अध्यक्ष पृथ्वीराज कोठारी ने जानकारी देते हुए बताया कि यदि यह संशोधित योजना धरातल पर लागू होती है, तो ज्वैलर्स प्रत्येक लेन-देन पर अतिरिक्त आय अर्जित कर सकेंगे।

    इससे ज्वैलर्स स्वयं आगे बढ़कर इस योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार करेंगे और ग्राहकों को इसमें सम्मिलित होने के लिए प्रोत्साहित करेंगे। कोठारी के अनुसार, आम भारतीय नागरिक अपना पुराना सोना बेचने या बदलने के लिए बैंकों की तुलना में ज्वैलर्स के पास जाना अधिक सुविधाजनक और सहज समझता है। प्रस्ताव में 0.75% से 1% तक इंसेंटिव देने की अनुशंसा की गई है, जिस पर अंतिम निर्णय केंद्र सरकार एवं भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) द्वारा लिया जाएगा।

    Follow on Google News Follow on Facebook Follow on X (Twitter) Follow on YouTube Follow on WhatsApp
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email Telegram WhatsApp Copy Link

    Keep Reading

    डिजिटल गोल्ड से चमकेगा भारत! GenZ बदलेगा ₹4.5 लाख करोड़ के ज्वेलरी मार्केट की तस्वीर

    FSSAI के कड़े रुख के आगे झुकी पेप्सिको: स्टिंग की बोतलों और कैन से हटाया ‘Energy’ शब्द, जानें क्या है नया नियम

    अगस्त के पहले ही दिन ग्लोबल मार्केट में कच्चे तेल के दाम धराशायी, 80 डॉलर के करीब पहुंचे क्रूड ऑयल के रेट्स

    1 अगस्त 2026 से लागू हुए 5 बड़े बदलाव: कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर ₹200+ सस्ता, क्रेडिट कार्ड के बदले नियम

    केंद्र सरकार का बड़ा फैसला: अगले 5 सालों के लिए बढ़ी ‘पीएम-किसान’ योजना, ₹3.15 लाख करोड़ के बजट को मिली हरी झंडी

    लोन की ईएमआई न भरने पर पुलिस घर आएगी? जानें कानूनी अधिकार और रिकवरी एजेंटों की धमकी से बचने का तरीका

    • Facebook
    • YouTube
    • WhatsApp
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube

    राज्य -  दिल्ली    उत्तर प्रदेश    उत्तराखण्ड    मध्य प्रदेश    छत्तीसगढ़    हिमांचल प्रदेश    पंजाब    झारखण्ड    बिहार   राजस्थान    हरियाणा

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.