जबलपुर में भ्रष्टाचार के खिलाफ लोकायुक्त पुलिस ने एक बार फिर बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। मंगलवार को शाहपुरा तहसील में पदस्थ राजस्व निरीक्षक (RI) करण सिंह लोधी को 80 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया। आरोपी ने जमीन के सीमांकन कार्य के बदले कुल एक लाख रुपये की घूस मांगी थी, जिसकी शिकायत के बाद लोकायुक्त टीम ने उसे जाल बिछाकर धर दबोचा।
👤 क्या था पूरा मामला?
शिकायतकर्ता रोहित जैन, जो उखरी स्थित संगम कॉलोनी के निवासी हैं, ने बताया कि उनके एक व्यापारी मित्र ने ग्राम कुलोन, तहसील शाहपुरा में जमीन खरीदी थी। इसी खरीदी गई जमीन का सीमांकन कराने के लिए जब वे राजस्व निरीक्षक करण सिंह लोधी के पास पहुंचे, तो उसने इस सरकारी काम के लिए 1 लाख रुपये की मोटी रिश्वत की मांग की।
🕵️ जाल बिछाकर दबोचा घूसखोर
रिश्वत की मांग से परेशान होकर शिकायतकर्ता ने इसकी सूचना लोकायुक्त एसपी अंजुलता पटले को दी। लोकायुक्त टीम ने मामले का सत्यापन किया और शिकायत को सही पाया। इसके बाद लोकायुक्त ने एक विशेष टीम का गठन कर जाल बिछाया। जैसे ही मंगलवार को राजस्व निरीक्षक करण सिंह लोधी ने 80 हजार रुपये की रिश्वत राशि ली, लोकायुक्त टीम ने उसे रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। फिलहाल आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत कार्रवाई की जा रही है।
संपादकीय टिप्पणी: सरकारी कार्यों में इस तरह की रिश्वतखोरी न केवल कानून का उल्लंघन है, बल्कि आम नागरिकों के भरोसे को भी तोड़ती है। क्या आपको लगता है कि ऐसे भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ ‘सस्पेंशन’ के साथ-साथ ‘सख्त कानूनी कार्रवाई’ की प्रक्रिया को और तेज करने की आवश्यकता है? अपने विचार नीचे साझा करें।


