राज्यसभा चुनाव में पंजाब से आमआदमी पार्टी के उम्मीदवार समाजसेवी बलबीर सिंह सीचेवाल और व्यापारी विक्रमजीत सिंह साहनी निर्विरोध राज्यसभा सदस्य निर्वाचित (Elected Unopposed) हुए हैं। राज्यसभा चुनाव में नाम वापसी के अंतिम दिन चुनाव आयोग ने किसी और की दावेदारी को न देखते हुए आम आदमी पार्टी के कैंडिडेट सीचेवाल और साहनी निर्विरोध राज्यसभा सदस्य चुना। इस दौरान रिटर्निंग ऑफिसर ने सर्टिफिकेट ऑफ इलेक्शन सौंपा।पंजाब सूचना एवं जनसंपर्क विभाग की ओर यह जानकारी दी गई कि रिटर्निंग ऑफिसर सुरिंदर पाल ने आप के निर्वाचित उम्मीदवारों बलबीर सिंह सीचेवाल और विक्रमजीत सिंह साहनी को राज्यसभा सदस्य घोषित किया और ‘सर्टिफिकेट ऑफ इलेक्शन’ सौंपा है।
इसे भी पढ़ें – नेशनल हेराल्ड केस में राहुल गांधी को नया समन जारी, 12 जून को ED ने पूछताछ के लिए बुलाया
Elected Unopposed – मंगलवार को ही दोनों ने राज्यसभा उम्मीदवारी के लिए नामांकन दाखिल किया था और उसके बाद भगवंत मान और राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा से मुलाकात की थी। दोनों ने बेहद लो-प्रोफाइल तरीके से नामांकन किया था और उनकी जीत के बाद भी कोई उत्सव मनाने की तैयारी नहीं है। इसकी वजह यह है कि सिद्धू मूसेवाला की हत्या के बाद से पंजाब सरकार सुरक्षा के मुद्दे पर बैकफुट पर है।
नामांकन दाखिल करने के बाद सीचेवाल ने कहा था कि मेरी कोशिश रहेगी कि पंजाब में पर्यवारण सही रहे और नदियों का पानी साफ रहे। उन्होंने कहा कि जिस तरह से भूजल में कमी आ रही है, उसे सुधारने के लिए भी मैं काम करूंगा। वहीं विक्रमजीत साहनी का कहना था कि वह देश में अपने संपर्कों का इस्तेमाल करेंगे और राज्य में स्किल डिवेलपमेंट के लिए माहौल बनाने का प्रयास करेंगे।
इसे भी पढ़ें – आतंकी घटनाओ से घाटी के हालात हो रहे खराब, कश्मीरी पंडित कर सकते हैं पलायन
आम आदमी पार्टी से राज्यसभा पहुंचने वाले बलबीर सिंह सीचेवाल एक प्रसिद्ध पर्यावरण कार्यकर्ता और सामाजिक कार्यकर्ता हैं। सतलुज और ब्यास नदियों की 160 किमी लंबी सहायक नदी के कायाकल्प के लिए उन्हें पद्मश्री से सम्मानित किया गया था। उन्होंने पंजाब में कई जगहों पर जरूरतमंदों के लिए स्कूल भी बनवाए हैं।
विक्रमजीत सिंह साहनी ने पढ़ाई के बाद कुछ साल कोल इंडिया लिमिटेड में नौकरी की थी और उसके बाद परिवार के साथ मिलकर दिल्ली में अपना कारोबार शुरू किया। कुछ ही वक्त में तरक्की करते हुए साहनी ने अपने सन ग्रुप को देश के सामने मजबूती से खड़ा कर दिया। कारोबार के अलावा समाजसेवा में भी सक्रिय भूमिका निभाने वाले साहनी को कई अवॉर्ड्स मिल चुके हैं। यही नहीं भारत सरकार ने उन्हें पद्मश्री सम्मान से भी नवाजा है

