बिहार, असम और राजस्थान सरकारों की ओर से आश्वासन मिला है कि प्रदर्शनकारियों के खिलाफ दर्ज सभी एफआईआर (FIR) वापस ली जाएंगी।
बिहार
पटना: बिहार के भोजपुर जिले के चर्चित भरत तिवारी कथित एनकाउंटर मामले में एक बार फिर राज्य की राजनीति पूरी तरह गरमा गई है।
बिहार बंद के दौरान सिवान जिले में हुए उग्र प्रदर्शन के बीच AK-47 राइफल से खुलेआम फायरिंग करने वाले पुलिस जवान पर गाज गिरी है।
जनशक्ति जनता दल (JJD) के प्रमुख तेज प्रताप यादव को देर रात कोर्ट में पेशी के बाद 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।
AISA के ‘बिहार बंद’ के दौरान डाकबंगला चौराहा और रेलवे स्टेशन के बीच इकट्ठा हुए छात्रों के साथ पुलिस की तीखी झड़प हो गई।
बुधवार को भरत तिवारी के परिजनों ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से मुलाकात कर पूरे मामले की जानकारी दी और न्याय की मांग की थी।
प्रशांत किशोर का पूरा ध्यान इस समय बिहार की बांकीपुर विधानसभा सीट पर हो रहे उपचुनाव पर है, जहां से वे खुद अपनी दावेदारी पेश कर रहे हैं।
सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और आरजेडी प्रमुख लालू प्रसाद यादव को बड़ी राहत देते हुए उनकी जमानत रद्द करने से इनकार कर दिया।
बिहार के बांकीपुर विधानसभा क्षेत्र में उपचुनाव को लेकर सरगर्मी तेज हो गई है। 13 जुलाई को नामांकन की प्रक्रिया पूरी होने के साथ ही चुनावी मुकाबला स्पष्ट हो गया है।
वर्दी का रौब और शराब के नशे में धुत एक दरोगा ने आर्मी के जवान पर फायरिंग कर दी, जिसमें जवान गंभीर रूप से घायल हो गए।

