ऑल इंडिया बैंक एम्प्लॉइज़ एसोसिएशन (AIBEA), ऑल इंडिया बैंक ऑफिसर्स एसोसिएशन (AIBOA) और बैंक एम्प्लॉइज़ फेडरेशन ऑफ इंडिया (BEFI) जैसे प्रमुख बैंक संगठनों ने अपनी यूनिट्स और सदस्यों से 12 फरवरी, 2026 को 10 केंद्रीय ट्रेड यूनियनों (CTU) के साथ राष्ट्रव्यापी हड़ताल में शामिल होने का आह्वान किया है. हड़ताल (Bank Strike Alert) का आह्वान सरकार द्वारा नवंबर में अधिसूचित चार नए लेबर कोड्स के विरोध में और ‘श्रमिक वर्ग पर बढ़ते हमलों’ के विरोध में है.
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AIBOA के महासचिव एस नागराजन ने ET क रिपोर्ट में कहा कि उनका संगठन 12 फरवरी, 2026 को CTU की हड़ताल को अपना समर्थन दे रहा है. उन्होंने बैंक अधिकारियों से हड़ताल के दिन क्लैरिकल काम न करने का भी आह्वान किया है. एआईबीईए, एआईबीओए और बीएफआई के महासचिवों द्वारा 28 जनवरी, 2026 को लिखे गए और बैंकों के सदस्यों और यूनिट्स को संबोधित पत्र में, 12 फरवरी, 2026 को होने वाली राष्ट्रव्यापी आम हड़ताल में शामिल होने के कारणों के रूप में कई मुद्दों को उजागर किया गया है.
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Bank Strike Alert – बैंक निकायों द्वारा अपनी इकाइयों और कर्मचारियों को लिखे पत्र में कहा है कि लागू किए जाने वाले प्रस्तावित श्रम कानून पूरी तरह से श्रमिकों के खिलाफ हैं और ट्रेड यूनियनों के रजिस्ट्रेशन के लिए कठोर शर्तें निर्धारित की गई हैं. पत्र में आगे लिखा है कि इतना ही नहीं, 300 से कम कर्मचारियों वाले प्रतिष्ठान का मालिक अधिकारियों की सहमति के बिना किसी भी कर्मचारी को बर्खास्त कर सकता है. सरकार का यह कदम व्यापार में आसानी के नाम पर एमएनसी के साथ-साथ छोटे कारखानों/प्रतिष्ठानों के मालिकों का समर्थन करना है.


