मुंबई: भारतीय क्रिकेट जगत में 6 जून का दिन बड़ा उलटफेर लेकर आया। टी20 वर्ल्ड कप 2026 विजेता कप्तान सूर्यकुमार यादव से भारतीय टी20 टीम की कप्तानी छीनकर स्टार बल्लेबाज श्रेयस अय्यर को सौंप दी गई। इस बड़े झटके के कुछ ही घंटों बाद, नियति ने सूर्यकुमार यादव और श्रेयस अय्यर को टी20 मुंबई लीग के मैदान पर (Surya vs Shreyas) आमने-सामने खड़ा कर दिया।
🔥 सूर्यकुमार यादव का ‘कमबैक’
पिछले काफी समय से फॉर्म के लिए जूझ रहे सूर्यकुमार यादव ने कप्तानी जाने के बाद अपने बल्ले से करारा जवाब दिया। ट्रायंफ्स नाइट्स MNE की कप्तानी करते हुए सूर्या ने महज 24 गेंदों में 48 रनों की ताबड़तोड़ पारी खेली। हालांकि, उनकी यह कोशिश टीम को बड़े स्कोर तक ले जाने के लिए नाकाफी साबित हुई और पूरी टीम महज 147 रनों पर सिमट गई।
🎯 श्रेयस अय्यर का अर्धशतक
लक्ष्य का पीछा करने उतरी सोबो मुंबई फालकन्स की शुरुआत खराब रही और महज 41 रन पर दो विकेट गिर गए। कप्तान श्रेयस अय्यर ने जिम्मेदारी संभाली और चौथे नंबर पर आकर सधी हुई बल्लेबाजी की। उन्होंने छोटी-छोटी लेकिन प्रभावी साझेदारियां कर मैच को फालकन्स की ओर मोड़ दिया। जीत से ठीक पहले अय्यर 36 गेंदों में 61 रन बनाकर आउट हुए, लेकिन तब तक उन्होंने अपनी टीम की जीत सुनिश्चित कर दी थी।
📈 क्या यह कप्तानी का नया दौर है?
एक तरफ सूर्यकुमार यादव की व्यक्तिगत फॉर्म में वापसी और दूसरी तरफ श्रेयस अय्यर का कप्तानी के दबाव में परिपक्व प्रदर्शन—यह मैच भारतीय क्रिकेट में नेतृत्व के बदलते समीकरणों की बानगी भर है। कप्तानी (Surya vs Shreyas) से हटाए जाने के बाद सूर्यकुमार यादव का यह तेवर बताता है कि वह अभी भी टीम इंडिया के लिए एक बड़ा एसेट बने हुए हैं, जबकि श्रेयस अय्यर का शानदार फॉर्म कप्तानी की नई जिम्मेदारी के लिए एक सकारात्मक संकेत है।


