सरकारी रसूख और आईएएस अधिकारी का झूठा रौब दिखाकर लाखों की ठगी करने वाले शातिर गिरोह का मधेपुरा पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया है. इस हाई-प्रोफाइल ठगी कांड में पुलिस ने पतिपत्नी को पटना (secret of fraud is revealed) से गिरफ्तार किया है. दोनों पर आरोप है कि इन्होंने खुद को आईएएस अधिकारी बताकर एक ठेकेदार से ₹34.74 लाख की ठगी कर ली.
इस मामले में मधेपुरा वार्ड 9 निवासी पीड़ित नारायण यादव ने बताया कि वर्ष 2025 में सिंहेश्वर में आयोजित पंडित प्रदीप मिश्रा के सत्संग के दौरान उनकी मुलाकात एक लग्जरी गाड़ी में सवार दंपति से हुई. गाड़ी पर बिहार सरकार, प्रधान सचिव सह मिशन निदेशक का फर्जी बोर्ड लगा था. आरोपी सन्नी कुमार राय ने महिला को आईएएस अधिकारी बताया और खुद को उसका बॉडीगार्ड बताया. यहीं से ठगी का खेल शुरू हुआ.
secret of fraud is revealed – सरकारी विभागों में काम दिलाने का झांसा देकर आरोपी ने पीड़ित को अपने जाल में फंसा लिया और अलग-अलग माध्यमों से ₹34 लाख 74 हजार अपने खाते में ट्रांसफर करवा लिए. लंबे इंतजार के बाद भी जब काम नहीं मिला, तो पीड़ित ने पैसे वापस मांगने शुरू कर दिए.
आरोप है कि एक बार जब आरोपी मधेपुरा आया, तो पीड़ित ने उसे पकड़कर पैसे लौटाने को कहा. इस पर आरोपी ने हाथापाई की, पीड़ित का आईफोन छीन लिया और धमकी देते हुए फरार हो गया. जांच में खुलासा हुआ कि सन्नी कुमार राय अपनी पत्नी श्रद्धांजलि देवी को फर्जी आईएएस बनाकर लोगों को ठगता था. दोनों के खिलाफ पहले से भी ठगी के मामले दर्ज हैं.
गिरफ्तार आरोपी सन्नी कुमार राय भोजपुर जिले के पिरो थाना क्षेत्र अंतर्गत अंगिया गांव का रहने वाला है और श्रद्धांजलि देवी उसकी पत्नी है. पुलिस ने इनके पास से एक लग्जरी चारपहिया वाहन और एप्पल कंपनी का मोबाइल फोन बरामद किया है. फिलहाल दोनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है. मामले की जांच जारी है और गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की तलाश की जा रही है.


