नई दिल्ली : चुनाव आयोग ने लोकसभा चुनाव के दौरान फेक न्यूज (Myth Versus Reality Register)से निपटने के लिए मंगलवार को ‘मिथक बनाम वास्तविकता रजिस्टर’ लॉन्च किया। इस पहल का उद्देश्य चुनावी प्रक्रिया को गलत सूचना से बचाना और मतदाताओं को सटीक जानकारी देने के लिए चुनाव आयोग के प्रयासों में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है।
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मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार ने चुनाव आयुक्तों ज्ञानेश कुमार और सुखबीर सिंह संधू के साथ निर्वाचन सदन, नई दिल्ली में लॉन्च किया गया। ‘मिथक बनाम वास्तविकता रजिस्टर’ चुनाव आयोग की आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से जनता के लिए उपलब्ध है।
Myth Versus Reality Register – ‘मिथक बनाम वास्तविकता रजिस्टर’ चुनाव के दौरान प्रसारित मिथकों और झूठ को दूर करने के लिए तथ्यात्मक जानकारी के एक व्यापक भंडार के रूप में कार्य करता है। इसे उपयोगकर्ता के अनुकूल डिज़ाइन किया गया है। यह ईवीएम, वीवीपीएटी, मतदाता सूची, मतदाता सेवाओं, चुनावों के संचालन आदि को लेकर मिथकों और गलत सूचनाओं के क्षेत्रों को कवर करता है।
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यह रजिस्टर पहले से ही उजागर चुनाव संबंधी फर्जी जानकारी, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर प्रसारित होने वाले संभावित मिथक, महत्वपूर्ण विषयों पर अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न की सटीक जानकारी उपलब्ध कराता है।
