देश के सबसे बड़े प्राइवेट बैंक एचडीएफसी (HDFC Bank) के अगले एमडी व सीईओ की तलाश अब अपने आखिरी पड़ाव पर पहुंच चुकी है. मौजूदा बॉस शशिधर जगदीशन का दूसरा कार्यकाल अक्टूबर 2026 में खत्म हो रहा है, और उन्होंने साफ कर दिया है कि वह इस पद पर आगे काम नहीं करना चाहते. बोर्ड द्वारा फैसला बदलने के लिए मनाने के बावजूद बात न बनने पर बैंक नए नेतृत्व की तलाश में आगे बढ़ चुका है. एक रिपोर्ट के मुताबिक, इस बड़ी कुर्सी के लिए अब सिर्फ दो मजबूत नामों के बीच मुकाबला बचा है.
⚖️ 2. रेस में शामिल हैं कैजाद भरूचा और अनूप बागची, RBI नियमों और कार्यकाल को लेकर फंसा है पेंच
इस रेस में पहला नाम बैंक के मौजूदा डिप्टी एमडी कैजाद एम. भरूचा का है, जो 1995 से बैंक से जुड़े हैं और जिन्हें 35 साल का अनुभव है. हालांकि, उनके सामने आरबीआई के नियमों की चुनौती है, क्योंकि वह 13 साल से बोर्ड में होल-टाइम डायरेक्टर हैं और नियम के तहत कुल सीमा 15 साल होने के कारण उन्हें सिर्फ तीन साल का ही कार्यकाल मिल पाएगा. वहीं दूसरे दावेदार आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल लाइफ के एमडी व सीईओ अनूप बागची हैं, जिनके पास बैंकिंग और इंश्योरेंस सेक्टर का 30 साल से ज्यादा का व्यापक अनुभव है.
📈 3. निवेशकों और शेयर बाजार की टिकी हैं निगाहें, आरबीआई की अंतिम मंजूरी तय करेगी बैंक का अगला नेतृत्व
बैंक के नए बॉस का चुनाव केवल बोर्ड के हाथ में नहीं है, बल्कि इसमें आरबीआई की अंतिम मंजूरी सबसे ज्यादा मायने रखेगी. एक तरफ कैजाद भरूचा बैंक की आंतरिक कार्यप्रणाली से अच्छी तरह वाकिफ हैं, तो दूसरी तरफ अनूप बागची का बाहरी और विविधता भरा अनुभव बैंक को नया नजरिया दे सकता है. अब देखना यह होगा कि बोर्ड किस पर अपना भरोसा जताता है, क्योंकि नए नेतृत्व का यह फैसला आने वाले समय में बैंक के शेयरों और निवेशकों के लिए एक बड़ा ट्रिगर साबित हो सकता है.


