ग्रेटर नोएडा में गंगाजल सप्लाई परियोजना का फायदा मिलने लगा है. अब तक ग्रेटर नोएडा के 54 सेक्टर्स में गंगाजल की आपूर्ति शुरू कर दी गई है. लंबे समय से इंतजार कर रहे ग्रेनो वेस्ट के लाखों लोगों को भी मार्च 2026 तक गंगाजल पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है. ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी अब इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए तेजी से (gift of ganga water) कम कर रही है. हालांकि, इस परियोजना का संघर्ष 17 साल पहले शुरू हुआ था और अब जाकर यह धरातल पर उतरते हुए दिख रहा है.
प्राधिकरण के अधिकारियों के मुताबिक ग्रेटर नोएडा क्षेत्र में गंगाजल लाने की योजना साल 2008 में बनाई गई थी. सरकारी प्रक्रियाएं, दिल्ली में नए वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट का निर्माण, पाइपलाइन की मंजूरियां और बार-बार फंड की स्वीकृति में देरी होने के कारण यह परियोजना लगातार अटकी रही. 2022 में परियोजना को फिर से गति दी गई. मुख्यमंत्री के आदेश के बाद 2022 में इसे प्राथमिकता सूची में रखा गया और इसके बाद काम तेजी से आगे बढ़ना शुरू हुआ. गंगाजल परियोजना पर करीब 850 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं.
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gift of ganga water – ग्रेटर नोएडा में गंगाजल परियोजना को लाने के लिए करीब 150 किमी लंबी पाइपलाइन बिछाई जा चुकी है. ओवरहेड टैंक, अंडरग्राउंड टैंक पंपिंग स्टेशन और ट्रीटमेंट सुविधाएं जैसी चीजें भी लगभग पूरी हो चुकी हैं.
ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी और नोएडा अथॉरिटी, दोनों ने मिलकर 166 किलोमीटर लंबी पाइपलाइन नेटवर्क का काम शुरू था. इसमें से 150 किमी पाइपलाइन पूरी तरह बिछ चुकी है. 54 सेक्टरों में गंगाजल की आपूर्ति शुरू हो चुकी है. सेक्टर 1, 2, 3, 4 सेक्टर 5, 10, 12 ग्रेटर नोएडा वेस्ट के कई पॉकेट, सेक्टर 2, सेक्टर 3, टेक जोन 4 समेत बाकी की जगहों में मार्च 2026 तक गंगाजल आने की पूरी उम्मीद है.
