फरीदाबाद। हरियाणा के फरीदाबाद जिले के तिगांव इलाके में बिना किसी वैध अनुमति के गाड़ियों को बुलेटप्रूफ बनाने वाली एक अवैध वर्कशॉप पर मुख्यमंत्री उड़नदस्ते (CM Flying Squad) ने औचक छापेमारी की है। इस बड़ी कार्रवाई के दौरान मौके से 4 महंगी लग्जरी गाड़ियां और भारी मात्रा में गाड़ियों को मॉडिफाई करने का सामान बरामद हुआ है। वर्कशॉप में बिना सुरक्षा क्लीयरेंस और सरकारी लाइसेंस के गाड़ियों को मॉडिफाई किया जा रहा था।
🚘 2 फॉर्च्यूनर और 2 स्कॉर्पियो-एन बरामद: एक गाड़ी में 70 फीसदी बुलेटप्रूफिंग का काम पूरा
सीएम फ्लाइंग फरीदाबाद में तैनात इंस्पेक्टर भगत सिंह ने बताया कि उन्हें गुप्त सूचना मिली थी कि तिगांव गांव स्थित एक वर्कशॉप में अवैध तरीके से गाड़ियों को बुलेटप्रूफ बनाने का खेल चल रहा है।
सूचना के आधार पर टीम ने तुरंत मौके पर रेड की। छापेमारी के दौरान वर्कशॉप से दो स्कॉर्पियो-एन (Scorpio-N) और दो फॉर्च्यूनर (Fortuner) गाड़ियां बरामद की गईं। इनमें से एक स्कॉर्पियो में लगभग 60 से 70 प्रतिशत तक बुलेटप्रूफिंग का काम पूरा हो चुका था, जबकि दोनों फॉर्च्यूनर गाड़ियां मॉडिफिकेशन के लिए खोली गई थीं।
🚓 तिगांव थाना पुलिस मौके पर पहुंची: वर्कशॉप मालिक और गाड़ियों के खरीदारों की जांच शुरू
मामले की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय तिगांव थाना पुलिस को तुरंत सूचित किया गया, जिसके बाद थाना प्रभारी (SHO) पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे।
पुलिस और सीएम फ्लाइंग की टीम मौके पर मौजूद कर्मियों से गहन पूछताछ कर रही है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि यह वर्कशॉप किसकी है, इन गाड़ियों को किन लोगों के लिए बुलेटप्रूफ बनाया जा रहा था और क्या इनके पास गृह मंत्रालय या संबंधित विभागों से वैध लाइसेंस प्राप्त था या नहीं।
⚙️ सामान और गाड़ियां सीज: आर्मर्ड ग्लास और मटीरियल सप्लाई करने वाली कंपनियों से होगी वेरिफिकेशन
सीएम फ्लाइंग के अधिकारी ने बताया कि वर्कशॉप में मौजूद सभी संदिग्ध उपकरणों, बुलेटप्रूफिंग सामग्री और चारों गाड़ियों को सीज किया जा रहा है।
पुलिस इस बात की भी गहनता से जांच कर रही है कि वर्कशॉप में इस्तेमाल होने वाला बुलेटप्रूफ मटीरियल किन कंपनियों से खरीदा जा रहा था और क्या वे कंपनियां इसे बेचने के लिए अधिकृत (Authorized) थीं। इसके अतिरिक्त वर्कशॉप के पास व्हीकल मॉडिफिकेशन की परमिशन की भी जांच की जा रही है।
🕵️ एक व्यक्ति हिरासत में: बिना इजाजत बुलेटप्रूफ गाड़ियां बनाना सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा
अधिकारी ने बताया कि छापेमारी के वक्त मौके से एक व्यक्ति को हिरासत में लिया गया है, जबकि मुख्य मालिक के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है।
बिना किसी प्रशासनिक अनुमति और बैकग्राउंड वेरिफिकेशन के इस तरह लग्जरी गाड़ियों को बुलेटप्रूफ बनाना सुरक्षा की दृष्टि से एक अत्यंत गंभीर मामला है। पुलिस प्रशासन का कहना है कि संबंधित कंपनियों से दस्तावेज और वेरिफिकेशन रिपोर्ट मिलने के बाद दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।


