धार्मिक

पूरा नौतपा बिना तपे निकल गया. भुवन भास्कर भगवान सूर्य रोहिणी नक्षत्र से निकलकर मार्गशीर्ष नक्षत्र में प्रवेश कर चुके हैं. कायदे से इस नक्षत्र में बारिश की फुहारे पड़नी चाहिए, लेकिन सबकुछ उल्टा हो रहा है. शायद सूर्यदेव ही कन्फ्यूज हो गए हैं या फिर उनकी नक्षत्रों से बन नहीं रही. इसलिए वह अपनी उल्टी चाल चल रहे हैं.

नीम करोली बाबा की शिष्या सिद्धि मां, जिन्होंने बाबा की आध्यात्मिक विरासत को ना केवल संभाला बल्कि उसकी ख्याति को और आगे बढ़ाया. बाबा के ब्रह्मलीन होने के बाद बाबा की आध्यात्मिक विरासत को संभालने वाली शख्सियत सिद्धि मां ही थीं.

एकादशी का व्रत माह में दो बार किया जाता है. यह व्रत मुख्य रूप से भगवान विष्णु को समर्पित हैं. मान्यता है कि इस दिन विधि-विधान से पूजा करने वाले पर भगवान विष्णु के साथ माता लक्ष्मी की कृपा बनी रहती है. आषाढ़ (fast of ekadashi) माह में सबसे पहले योगिनी एकादशी, उसके बाद देवशयनी

ग्रहों के राजा सूर्यदेव अपनी मित्र राशि वृषभ से निकलकर बुध की राशि मिथुन में प्रवेश करने जा रहे हैं. सूर्यदेव का ये गोचर कुछ राशि वालों के लिए फायदेमंद साबित होने वाला है. सूर्य का गोचर 15 जून 2025, दिन रविवार को होगा. इस गोचर को मिथुन संक्रांति के नाम से भी जाना जाता है.

कुर्बानी का पर्व ईद उल-अज़हा 7 जून को मनाया जाएगा. इस पर्व को पूरा देश बहुत हर्ष और उल्लास के साथ मनाएगा. ईद उल-अज़हा को बकरीद के नाम से भी जाना जाता है. जिसे इस्लाम का दूसरा सबसे बड़ा त्योहार कहा जाता है. बकरीद ईद उल फितर के 2 महीने 9 दिन बाद मनाई जाती है.

ज्योतिष शास्त्र में कालसर्प दोष को बहुत ही अशुभ माना गया है. कहते है जिसकी भी कुंडली में यह दोष होता है उसे जीवन में ढेरों परेशानियों का सामना करना पड़ता है और उसे हर काम में असफलता का देखने को मिलती है. यही नहीं यह दोष व्यक्ति को शारीरिक और मानसिक रूप से प्रभावित करता है. कहते है कि कालसर्प दोष के कारण व्यक्ति को सपने में कुछ ऐसी चीजें दिखाई देती है, जिससे कुंडली में कालसर्प दोष का संकेत मिलता है. सपने में दिखती है ये चीजें यदि किसी व्यक्ति की कुंडली में कालसर्प दोष है, तो व्यक्ति […]

सनातन धर्म में गंगा नदी को बहुत ही पवित्र और पूजनीय नदी माना जाता है. कहते हैं पवित्र गंगा में स्नान करने से व्यक्ति को सभी प्रकार के पापों से मुक्ति मिल जाती है. इसलिए हिंदू धर्म में गंगा दशहरा का खास महत्व है.इस शुभ अवसर पर बहुत से लोग गंगा नदी में आस्था की डुबकी लगाते है. साथ ही इस दिन मां गंगा और भगवान शिव की पूजा करनी चाहिए. इसके पूजा के बाद जप-तप और दान-पुण्य करने से शुभ फलों की प्राप्ति होती है. कई बार लोग इस दिन कुछ ऐसी चीजों का दान करने से जीवन में […]

बुन्देलखण्ड में प्रसिद्ध पन्ना के पवई में प्राचीन सिद्ध स्थल श्री हनुमान भाटा में हनुमान जी की चंदेल कालीन पाषाण आदमकद अद्वितीय प्रतिमा मौजूद है. इसके साथ ही यहां नरसिंह, महाकाल विराजित हैं. इस स्थल में मंगलवार एवं शनिवार को हजारों की संख्या में भक्तों की भीड़ उमड़ती है. इस मंदिर के बारे में ऐसी मान्यता है कि जो व्यक्ति सच्चे मन से हनुमान जी महाराज के मन्नत मांगने जाता है. उसकी मनोकामना अवश्य पूर्ण होती है. हनुमान भाटा एक सिद्ध स्थल है जो प्रकृति के एकदम करीब है. यहां पहुंचते ही व्यक्ति को शांति और आनंद की अनुभूति होती […]

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, रात में सोते समय आपके हर सपने का कोई न कोई मतलब अवश्य होता है. ऐसा माना जाता है कि आपके सपने भविष्य में आपके साथ घटित होने वाली घटनाओं का संकेत देते हैं. प्राचीन ग्रंथों में स्वप्न व्याख्या के बारे में प्रचुर जानकारी उपलब्ध है. किस सपने का क्या मतलब है? इस बारे में जानकारी दे दी गई है. आपके कुछ सपने आपके जीवन में होने वाले बदलावों का संकेत देते हैं. हर कोई रात में सपने देखता है, और इनमें से कई सपने उन चीजों से संबंधित होते हैं जिनके बारे में आप दिन […]

हिन्दू धर्म में पक्षियों की तस्वीरों का महत्व बहुत अधिक होता है. वास्तु के अनुसार, हिन्दू धर्म में पक्षियों को शुभ माना जाता है और वे घर में सकारात्मक ऊर्जा लाते हैं. माना जाता है कि पक्षियों की तस्वीरें “प्राण” (सकारात्मक ऊर्जा) के प्रवाह को बढ़ाती हैं और एक शांत वातावरण बनाती हैं. कई तरह के लाभों के लिए पक्षियों की तस्वीरें रखने के लिए अलग-अलग दिशाओं का अपना अलग महत्व होता है. उदाहरण के लिए, सकारात्मकता और नई शुरुआत के लिए पूर्व दिशा और धन और अवसरों के लिए उत्तर दिशा शुभ मानी जाती है. वास्तु में आम तौर […]