नई दिल्ली : महिला आरक्षण तथा महिला सशक्तिकरण का दंभ भरने वाली कांग्रेस तथा भारतीय जनता पार्टी लोकसभा चुनाव में महिलाओं की भागीदारी को ले गंभीर दिख रही है। हालंकि कांग्रेस के पास राजधानी दिल्ली में गठबंधन के तहत केवल तीन सीटें ही बची हैं बावजूद इसके पार्टी का (BJP Can Field Two Women) राष्ट्रीय नेतृत्व इस बात को ले गंभीर है कि कम से कम एक सीट पर तो महिला को चुनाव लड़ा ही दिया जाए।
इसे भी पढ़ें – AAP पार्षद पर नाबालिग लड़की से छेड़छाड़ करने का आरोप, पॉक्सो एक्ट में मामला दर्ज
वहीं सूत्र बताते हैं भारतीय जनता पार्टी देश भर में मैसेज देने के लिए कि भाजपा जो कहती है वो करती है दो महिलाओं को भी चुनावी जंग में उतार सकती है। जहां तक आम आदमी पार्टी का सवाल है उसकी तरफ से चारों सीटों का ऐलान किया जा चुका है और उनकी तरफ से यह गेंद गठबंधन के पाले में डाल दी गई है। कांग्रेस में ज्यादा दावेदार भी नहीं है।
BJP Can Field Two Women – जानकारी के मुताबिक तीन या चार महिलाएं ही दावा जता रही हैं। सबसे मजबूत दावा महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय अध्यक्ष अलका लांबा का है उन्हें पार्टी महामंत्री के.सी.वेणुगोपाल सहित कई दिग्गजों का समर्थन हांसिल है। अलका चांदनी चौक से चुनाव लड़ना चाहती हैं वे चांदनी चौक से विधायक भी रह चुकी हैं, युवाओं पर अच्छी पकड़ रखने वाली अलका अभी तक सभी पर भारी पडती दिख रही है। पूर्व सांसद जे.पी.अग्रवाल भी अपने परिवार के लिए इस इस सीट पर मजबूती से जुटे हैं।
इसे भी पढ़ें – अगर कोर्ट कहेगा तो ED के पास जरूर जाऊंगा : CM केजरीवाल
उत्तर पश्चिमी सीट से पूर्व केन्द्रीय मंत्री कृष्णा तीरथ के साथ-साथ पूर्व छात्र नेता रागनी नायक भी उत्तर पूर्वी दिल्ली से दावा जता रही हैं। सूत्र बताते हैं इन तीनों में से किसी एक का नम्बर लग सकता है। अब जरा भाजपा की बात भी कर ली जाए, भाजपा में एक दर्जन से ज्यादा महिलाएं दावेदार हैं प्रमुख नाम के तौर पर नूपुर शर्मा और बांसुरी स्वराज सामने आ रहे हैं। वैसे मिनाक्षी लेखी भी केंद्र में दिल्ली के खाते से ही मंत्री है लेकिन इस बार उन्हें दिल्ली से बाहर भेजने की चर्चा है।

