Close Menu
करंट न्यूज़करंट न्यूज़
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • क्या NDA में होगा बड़ा विस्तार? परिसीमन और महिला आरक्षण बिल के बीच DMK, NCP और अकाली दल के साथ आने की सुगबुगाहट
    • 80वें स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का राष्ट्र के नाम संबोधन, देशवासियों को दी बधाई
    • PM मोदी और विदेश नीति पर टिप्पणी से गरमाई सियासत: राजनाथ सिंह और एकनाथ शिंदे ने राहुल गांधी को घेरा, बताया देश का अपमान
    • CJI सूर्य कांत विवाद के बाद सुर्खियों में NALSAR यूनिवर्सिटी, BCI ने वापस लिया निलंबन फैसला
    • 4,200 करोड़ के लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे निर्माण में भ्रष्टाचार का आरोप, हाईकोर्ट ने मांगा जवाब
    • 15 अगस्त को देश मनाएगा 80वां स्वतंत्रता दिवस, लाल किले पर समारोह के दौरान मौसम पर टिकीं निगाहें
    • गिरिडीह के पूर्व नक्सली इतवारी हांसदा की रांची रिम्स में इलाज के दौरान मौत, हाल ही में किया था सरेंडर
    • JPSC-JSSC आंदोलन का 21वां दिन: फिलहाल टला CM आवास का घेराव, 15 अगस्त को ऐतिहासिक तिरंगा यात्रा निकालेंगे छात्र
    करंट न्यूज़करंट न्यूज़
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    Saturday, August 15
    • होम
    • राज्य
      • दिल्ली
      • उत्तर प्रदेश
      • उत्तराखण्ड
      • मध्य प्रदेश
      • छत्तीसगढ़
      • हिमांचल प्रदेश
      • पंजाब
      • झारखण्ड
      • बिहार
      • राजस्थान
      • हरियाणा
      • गुजरात
      • महाराष्ट्र
      • जम्मू कश्मीर
    • देश
    • विदेश
    • मनोरंजन
    • खेल
    • टेक्नोलॉजी
    • धार्मिक
    • लाइफ स्टाइल
    करंट न्यूज़करंट न्यूज़
    Home » 4,200 करोड़ के लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे निर्माण में भ्रष्टाचार का आरोप, हाईकोर्ट ने मांगा जवाब

    4,200 करोड़ के लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे निर्माण में भ्रष्टाचार का आरोप, हाईकोर्ट ने मांगा जवाब

    August 14, 2026 उत्तर प्रदेश 3 Mins Read
    Share
    Facebook Twitter Email WhatsApp Copy Link

    लखनऊ (उत्तर प्रदेश): नवनिर्मित लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे के निर्माण कार्य में कथित भ्रष्टाचार और गंभीर वित्तीय व तकनीकी अनियमितताओं का मामला अब इलाहाबाद उच्च न्यायालय (इलाहाबाद हाईकोर्ट) की चौखट पर पहुंच गया है।

    एक्सप्रेसवे निर्माण में भारी घोटाले और घटिया सामग्री के इस्तेमाल के आरोपों को लेकर दाखिल जनहित याचिका (PIL) पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच ने कड़ा रुख अपनाया है। अदालत ने मामले में सभी संबंधित प्रतिवादियों को नोटिस जारी करते हुए बिंदुवार ‘काउंटर एफिडेविट’ (जवाबी हलफनामा) दाखिल करने का सख्त निर्देश दिया है।

    🏛️ MoRTH सचिव, NHAI चेयरमैन और UP परिवहन प्रमुख सचिव को काउंटर एफिडेविट के निर्देश

    माननीय उच्च न्यायालय ने केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) के सचिव, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के चेयरमैन और उत्तर प्रदेश परिवहन विभाग के प्रमुख सचिव को व्यक्तिगत रूप से जवाब दाखिल करने के आदेश दिए हैं।

    अदालत ने स्पष्ट किया कि काउंटर एफिडेविट में जनहित याचिका (PIL) में उठाए गए प्रत्येक तथ्य, निर्माण गुणवत्ता, टेंडर प्रक्रिया और भ्रष्टाचार के आरोपों पर विस्तृत व स्पष्ट स्थिति प्रस्तुत की जाए। अब केंद्र सरकार, राज्य सरकार के संबंधित विभागों और एनएचएआई को कोर्ट के समक्ष अपना विधिक व तकनीकी पक्ष रखना होगा।

    🌧️ पहली ही बारिश में धंसी सड़क, निर्माण कंपनी ‘पीएनसी इंफ्राटेक’ पर लगा प्रतिबंध

    उल्लेखनीय है कि लगभग 4,200 करोड़ रुपये की भारी-भरकम लागत से तैयार हुए इस लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे के उद्घाटन के कुछ ही हफ्तों के भीतर मानसून की पहली बारिश में ही सड़क का एक बड़ा हिस्सा धंस गया था।

    सड़क धंसने से हुए जान-माल के खतरे और व्यापक जन-आक्रोश के बाद एनएचएआई ने तत्काल दंडात्मक कार्रवाई शुरू की। एनएचएआई ने एक्सप्रेसवे का सिविल निर्माण करने वाली प्रमुख कंपनी ‘पीएनसी इंफ्राटेक’ (PNC Infratech) को भविष्य की किसी भी सरकारी परियोजना में भाग लेने और बोली लगाने (Bidding) से प्रतिबंधित कर दिया है। इसके साथ ही प्राधिकरण ने स्पष्ट आदेश दिया है कि क्षतिग्रस्त हिस्से की पूरी मरम्मत ठेकेदार कंपनी को अपने स्वयं के खर्च पर करानी होगी, जिसकी अनुमानित लागत लगभग 3 करोड़ रुपये आंकी गई है।

    🔬 IIT खड़गपुर की विशेषज्ञ टीम करेगी सड़क धंसने के कारणों की तकनीकी जांच

    सड़क धंसने के सटीक वैज्ञानिक व तकनीकी कारणों का पता लगाने तथा स्थायी सुधारात्मक उपायों का सुझाव देने के लिए एनएचएआई ने भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) खड़गपुर के वरिष्ठ प्रोफेसर डॉ. के. एस. रेड्डी के नेतृत्व में उच्चस्तरीय विशेषज्ञ दल का गठन किया है।

    इसके अतिरिक्त, प्राधिकरण द्वारा आधुनिक ‘लेजर प्रोफाइलोमीटर’ (Laser Profilometer) तकनीक के आधार पर पूरे एक्सप्रेसवे के फुटपाथ और सड़क की संरचनात्मक मजबूती का गहन परीक्षण भी कराया जा रहा है, ताकि भविष्य में इस तरह की खतरनाक घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।

    Follow on Google News Follow on Facebook Follow on X (Twitter) Follow on YouTube Follow on WhatsApp
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email Telegram WhatsApp Copy Link

    Keep Reading

    लखनऊ में सनसनीखेज वारदात: जानकीपुरम में पत्नी ने लोहे के तवे से वार कर ली पति की जान, 5 साल से चल रहा था विवाद

    अयोध्या श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में 15 अगस्त से लागू होगा नया ड्रेस कोड, एकरूप वेशभूषा में दिखेंगे पुजारी

    लखनऊ के रहीमाबाद में रिश्तों और इंसानियत का कत्ल, जमीन के लालच में मृत पिता के शव का सादे कागज पर लगवाया अंगूठा

    बागपत में सनसनीखेज डबल मर्डर: 20 दिन से लापता दो दोस्तों के शव मंदिर की धूनी के नीचे दफन मिले, फरार पुजारी पर शक

    वाराणसी स्मार्ट सिटी योजना के 10 वर्ष पूरे, 1000 करोड़ रुपये की लागत से बदली धर्मनगरी की सूरत और सीरत

    ग्रेटर नोएडा में भारी बारिश से नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट में जलभराव, अखिलेश यादव ने सरकार पर कसा तंज

    • Facebook
    • YouTube
    • WhatsApp
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube

    राज्य -  दिल्ली    उत्तर प्रदेश    उत्तराखण्ड    मध्य प्रदेश    छत्तीसगढ़    हिमांचल प्रदेश    पंजाब    झारखण्ड    बिहार   राजस्थान    हरियाणा

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.