गाजा के एक मुसलमानों को मारने के लिए इजराइल 3.5 लाख रुपया खर्च करेगा. दरअसल, इजराइल ने हथियार खरीदी को लेकर अमेरिका से नई डील की है. इस डील के तहत इजराइल (Netanyahu’s new deal with America) को 8.8 बिलियन डॉलर (करीब 7500 करोड़ रुपए) के हथियार अमेरिका से मिलेंगे.
Netanyahu’s new deal with America – अमेरिका ने इजराइल को यह हथियार गाजा में जारी संकट से निपटने के लिए दिया है. इजराइल और गाजा के संगठन हमास के बीच अक्टूबर 2023 से ही जंग जारी है. जंग में फिलिस्तीन के करीब 60 हजार मुसलमान मारे जा चुके हैं.
अमेरिका ने इजराइल से खरीदे ये हथियार?
अमेरिकी मीडिया ने बताया कि इजरायल को हथियारों की यह सप्लाई लंबे समय तक की जाएगी. इजरायल को कुछ हथियार अमेरिकी हथियारों के जखीरे से दिए जाएंगे लेकिन ज्यादातर को देने में 1 या उससे ज्यादा साल लग जाएंगे.
अमेरिका इजरायल को 155 एमएम के तोप के गोले और हेलफायर एजीएम 114 मिसाइलें दे रहा है जो अटैक हेलिकॉप्टर में इस्तेमाल किए जाते हैं. इसके अलावा इजरायल को 250 किलो के घातक बम भी दिए जाएंगे. इन बमों का इजरायल ने गाजा से लेकर लेबनान तक जमकर इस्तेमाल किया है.
7500 करोड़ के हथियार से मरेंगे 21 लाख?
गाजा की आबादी 21 लाख के करीब है. ऐसे में सवाल उठ रहा है कि इजराइल ने जो हथियार अमेरिका से खरीदे हैं, क्या उससे गाजा के लोगों को मारा जाएगा. इजराइल पर लगातार गाजा के अस्पतालों और स्कूलों पर भी हमला करने का आरोप लग रहा है.
हाल ही में इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा है कि उनका मकसद गाजा के आधे हिस्से को कब्जा करने का है. इजराइल की सेना इसी रास्ते पर आगे बढ़ रही है.

