Close Menu
करंट न्यूज़करंट न्यूज़
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • मणिपुर प्रशासनिक फेरबदल: कुकी-नागा तनाव के बीच IAS राजीव सिंह ठाकुर संभाल सकते हैं कमान, ACC ने दी मंजूरी
    • जम्मू-कश्मीर में आतंकियों का नया पैंतरा: सर्विलांस से बचने के लिए अश्लील साइट्स और Tor आधारित सीक्रेट ऐप्स का इस्तेमाल
    • हल्द्वानी में खरगे के मंच के शुद्धिकरण पर भड़कीं प्रियंका गांधी: ‘पीएम मोदी सच में संविधान मानते हैं तो कराएं FIR दर्ज’
    • दिल्ली में BRICS समिट ने बढ़ाई होटलों की डिमांड: 25% तक बढ़े एवरेज रूम रेट्स, टूरिस्ट्स और बिजनेस ट्रैवलर्स की बढ़ीं मुश्किलें
    • तुकाराम मुंढे के एक्शन पर बॉम्बे हाईकोर्ट सख्त: ‘अधिकारी न कानून जानते हैं, न नियम’; 11 मामलों में FDA के आदेश पर रोक
    • ‘दिल्लीवालों पर ही महंगा बोझ क्यों?’; CNG की कीमतों में भारी उछाल पर कांग्रेस का हमला, तत्काल रोलबैक की मांग
    • ‘अहंकार, भ्रष्टाचार, चोरी और धोखा’; जयंत चौधरी का विपक्ष पर तीखा हमला, बोले- कुछ लोग फैला रहे जातिगत नफरत
    • लखनऊ में हिंदू युवा वाहिनी के मंडल प्रभारी धीरेन्द्र प्रताप सिंह की हत्या: दुबग्गा नहर से मिला शव, STF जांच में जुटी
    करंट न्यूज़करंट न्यूज़
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    Monday, August 31
    • होम
    • राज्य
      • दिल्ली
      • उत्तर प्रदेश
      • उत्तराखण्ड
      • मध्य प्रदेश
      • छत्तीसगढ़
      • हिमांचल प्रदेश
      • पंजाब
      • झारखण्ड
      • बिहार
      • राजस्थान
      • हरियाणा
      • गुजरात
      • महाराष्ट्र
      • जम्मू कश्मीर
    • देश
    • विदेश
    • मनोरंजन
    • खेल
    • टेक्नोलॉजी
    • धार्मिक
    • लाइफ स्टाइल
    करंट न्यूज़करंट न्यूज़
    Home » झारखंड में आरक्षण सुधार आंदोलन की प्रमुख मांगें: व्यवस्था को पारदर्शी बनाने पर जोर

    झारखंड में आरक्षण सुधार आंदोलन की प्रमुख मांगें: व्यवस्था को पारदर्शी बनाने पर जोर

    August 30, 2026 झारखण्ड 2 Mins Read
    reservation reform movement
    Share
    Facebook Twitter Email WhatsApp Copy Link

    रांची : आरक्षण व्यवस्था में आवश्यक सुधार और पारदर्शिता लाने के उद्देश्य से झारखंड में आरक्षण सुधार आंदोलन ने पांच प्रमुख मांगें उठाई हैं।आंदोलनकारियों ने स्पष्ट किया कि उनकी इस पहल का उद्देश्य किसी भी जाति, वर्ग या समुदाय के संवैधानिक अधिकारों को छीनना या समाप्त करना नहीं है, बल्कि आरक्षण और सामाजिक (reservation reform movement) न्याय की व्यवस्था को अधिक पारदर्शी, तर्कसंगत और वास्तविक जरूरतमंदों के लिए प्रभावी बनाना है।

      • UGC इक्विटी रेगुलेशंस 2026: आंदोलनकारियों ने यूजीसी (UGC) के वर्ष 2026 के इक्विटी रेगुलेशंस की विस्तृत समीक्षा की मांग की है। उनका कहना है कि उच्च शिक्षण संस्थानों और विश्वविद्यालयों में जातिगत आधार पर किसी भी छात्र के साथ भेदभाव नहीं होना चाहिए और शिकायतों की जांच पूर्णतः निष्पक्ष व पारदर्शी प्रक्रिया से हो।

      • SC/ST अत्याचार निवारण अधिनियम: आंदोलनकारियों ने मांग रखी कि वास्तविक पीड़ितों को कानून का शत-प्रतिशत संरक्षण मिले, किंतु झूठी या दुर्भावनापूर्ण शिकायतों और दुरुपयोग को रोकने के लिए अधिनियम में आवश्यक संशोधन व पूर्व जांच की ठोस व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।

      • मेरिट और शैक्षणिक गुणवत्ता: आईआईटी, आईआईएम, मेडिकल कॉलेजों, केंद्रीय तथा राज्य विश्वविद्यालयों में सीट आवंटन और चयन प्रक्रिया में पूर्ण पारदर्शिता लाने की मांग की गई है, ताकि आरक्षण के साथ-साथ योग्यता, मेहनत और गुणवत्ता को भी उचित स्थान मिल सके।

      • SC/ST वर्ग में क्रीमीलेयर: आंदोलनकारियों का तर्क है कि एससी/एसटी वर्ग में भी क्रीमीलेयर व्यवस्था लागू करने पर विचार किया जाना चाहिए, जिससे आरक्षण का लाभ केवल (reservation reform movement) साधन संपन्न लोगों तक सीमित न रहकर उसी वर्ग के अंतिम और सबसे पिछड़े व्यक्ति तक पहुंचे।

         

     

     

     

    Follow on Google News Follow on Facebook Follow on X (Twitter) Follow on YouTube Follow on WhatsApp
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email Telegram WhatsApp Copy Link

    Keep Reading

    झारखंड में कैदियों के लिए ओपन जेल व्यवस्था: अच्छे आचरण वाले बंदी परिवार के साथ रहेंगे, बाहर जाकर नौकरी भी कर सकेंगे

    मंईयां सम्मान योजना: रांची की 3.95 लाख महिलाओं के खातों में पहुंचे ₹2500, रक्षाबंधन से पहले ₹98.92 करोड़ ट्रांसफर

    हजारीबाग में प्रमंडलीय खेल महोत्सव: 7 जिलों के 1300 खिलाड़ी लेंगे भाग, मैदान में बुनियादी सुविधाओं का अभाव

    जामताड़ा में मंईयां सम्मान योजना से 1500 अयोग्य लाभार्थियों के नाम कटे: प्रशासन करेगा वसूली

    MMDR बिल के खिलाफ झारखंड कांग्रेस का आर-पार का संग्राम: 14 हजार करोड़ के नुकसान का आरोप

    झारखंड में नौकरी अभ्यर्थियों के प्रदर्शन पर पुलिस का कड़ा एक्शन: गिरिडीह और हजारीबाग में 3 नई FIR, 900 से अधिक पर केस

    • Facebook
    • YouTube
    • WhatsApp
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube

    राज्य -  दिल्ली    उत्तर प्रदेश    उत्तराखण्ड    मध्य प्रदेश    छत्तीसगढ़    हिमांचल प्रदेश    पंजाब    झारखण्ड    बिहार   राजस्थान    हरियाणा

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.