Close Menu
करंट न्यूज़करंट न्यूज़
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • भगवंत मान सरकार द्वारा पाठ्य पुस्तकों के वितरण में एकाधिकार समाप्त; निजी स्कूलों के विद्यार्थियों को बोर्ड द्वारा सीधे तौर पर की जाएगी किताबों की सप्लाई : हरजोत सिंह बैंस
    • पंजाब का नशों विरूद्ध युद्ध: मान सरकार के अधीन कार्रवाई तेज, एनडीपीएस मामलों में 40% वृद्धि, जब्तियों में बड़ा उछाल
    • फसली विविधता को बढ़ावा देने के लिए पंजाब में बनेगा बासमती का ‘सेंटर ऑफ एक्सीलेंस’ – मुख्यमंत्री
    • खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री लाल चंद कटारूचक्क ने भगतांवाला अनाज मंडी में चल रही गेहूं खरीद का लिया जायजा
    • ‘गैंगस्टरां ते वार’ की शुरुआत के बाद पंजाब में गैंगस्टरों से संबंधित हत्याओं में भारी कमी, गोलीबारी की घटनाएं 69 प्रतिशत घटीं
    • मुख्य मंत्री ने हॉलैंड के महान हॉकी खिलाड़ी फ्लोरिस जान बोवेलैंडर से की मुलाकात, पंजाब के खिलाड़ियों को प्रशिक्षण देने का दिया आमंत्रण
    • मुख्यमंत्री द्वारा निवेश को प्रोत्साहित करने और अंतरराष्ट्रीय सहयोग के लिए वैश्विक स्तर पर प्रयास जारी
    • बेअदबी विरोधी कानून पर सुखबीर बादल की चुप्पी बुनियादी सवाल खड़े करती है: बलतेज पन्नू
    करंट न्यूज़करंट न्यूज़
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    Friday, April 24
    • होम
    • राज्य
      • दिल्ली
      • उत्तर प्रदेश
      • उत्तराखण्ड
      • मध्य प्रदेश
      • छत्तीसगढ़
      • हिमांचल प्रदेश
      • पंजाब
      • झारखण्ड
      • बिहार
      • राजस्थान
      • हरियाणा
      • गुजरात
      • महाराष्ट्र
      • जम्मू कश्मीर
    • देश
    • विदेश
    • मनोरंजन
    • खेल
    • टेक्नोलॉजी
    • धार्मिक
    • लाइफ स्टाइल
    करंट न्यूज़करंट न्यूज़
    Home » बेअदबी विरोधी कानून पर सुखबीर बादल की चुप्पी बुनियादी सवाल खड़े करती है: बलतेज पन्नू

    बेअदबी विरोधी कानून पर सुखबीर बादल की चुप्पी बुनियादी सवाल खड़े करती है: बलतेज पन्नू

    April 24, 2026 पंजाब 3 Mins Read
    Share
    Facebook Twitter Email WhatsApp Copy Link

    मानसून के मद्देनज़र दिल्ली में सिंचाई एवं बाढ़ नियंत्रण विभाग ने अपनी तैयारियों को तेज़ कर दिया है. शहर के प्रमुख नालों की डी-सिल्टिंग का काम तेज़ी से आगे बढ़ रहा है और विभाग अब तक अपने कुल लक्ष्य का 57% से अधिक पूरा कर चुका है. इसका उद्देश्य हर साल होने वाली जलभराव और शहरी बाढ़ की समस्या को न्यूनतम करना है.

    आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, 76 नालों पर चल रहे डी-सिल्टिंग कार्य में अब तक 57.68% प्रगति हासिल की गई है. कुल 28.57 लाख घन मीटर सिल्ट हटाने के लक्ष्य के मुकाबले 16.48 लाख घन मीटर से अधिक सिल्ट हटाया जा चुका है.

    76% से अधिक काम पूरा

    महत्वपूर्ण नालों पर काम तेजी से आगे बढ़ रहा है. 21 प्राथमिकता वाले नालों में 76% से अधिक कार्य पूरा हो चुका है, जिससे यह संकेत मिलता है कि ये क्षेत्र मानसून से पहले लगभग तैयार हो जाएंगे. वहीं, दिल्ली के सबसे संवेदनशील जलभराव क्षेत्रों में शामिल नजफगढ़ ड्रेन सिस्टम में लगभग 48% काम पूरा हो चुका है. इसके अलावा बाकी 55 नालों पर भी कार्य 63% से अधिक तक पहुंच चुका है.

    संवेदनशील स्थानों को प्राथमिकता

    मैदान में तैनात अधिकारियों के अनुसार, इस वर्ष काम को अधिक व्यवस्थित तरीके से किया जा रहा है. अलग-अलग जोनों में एक साथ काम चल रहा है, जिससे अंतिम समय की हड़बड़ी से बचा जा सके. पिछले वर्षों में चिन्हित जलभराव वाले संवेदनशील स्थानों को प्राथमिकता दी जा रही है, ताकि पानी का बहाव सुचारू बना रहे.

    मशीनरी क्षमता को मजबूत कर रहा विभाग

    डी-सिल्टिंग के साथ-साथ विभाग अपनी मशीनरी क्षमता को भी मजबूत कर रहा है. ₹94 करोड़ से अधिक की लागत से आधुनिक मशीनों की खरीद की योजना पर काम जारी है. इसमें 38 विशेष मशीनें शामिल हैं, जैसे ड्रैगलाइन, लॉन्ग-बूम हाइड्रोलिक एक्सकेवेटर, एम्फीबियस एक्सकेवेटर और ड्रेजर, जो गहरे और चौड़े नालों की सफाई के लिए विशेष रूप से उपयोगी हैं.

    अब तक 12 मशीनें खरीदी जा चुकी हैं, जबकि अन्य मशीनों के लिए ऑर्डर दिए जा चुके हैं और शेष के लिए टेंडर प्रक्रिया जारी है. खासतौर पर एम्फीबियस मशीनों के शामिल होने से जलभराव और कठिन क्षेत्रों में काम करने की क्षमता में बड़ा सुधार आएगा.

    मंत्री प्रवेश साहिब सिंह ने की तैयारियों की समीक्षा

    दिल्ली सरकार में मंत्री प्रवेश साहिब सिंह ने तैयारियों की समीक्षा करते हुए कहा, हमारा फोकस इस बार ज़मीनी स्तर पर काम के निष्पादन और जवाबदेही पर है. मॉनसून से पहले हर महत्वपूर्ण नाले की सफाई और कार्यक्षमता सुनिश्चित करना हमारी प्राथमिकता है. हर स्तर पर काम की लगातार निगरानी की जा रही है.

    उन्होंने आगे कहा कि हमने मैनपावर और मशीनरी दोनों को मजबूत किया है. हमारा उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि भारी बारिश के दौरान पानी जमा न हो और आम लोगों की दिनचर्या प्रभावित न हो. यह प्रतिक्रिया नहीं, बल्कि पहले से की गई तैयारी है.

    सिल्ट का सही तरीके से निस्तारण

    विभागीय अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए गए हैं कि निकाले गए सिल्ट का सही तरीके से निस्तारण किया जाए, ताकि वह दोबारा नालों में न लौटे-जो पिछले वर्षों में एक बड़ी समस्या रही है. नियमित निरीक्षण और रियल-टाइम मॉनिटरिंग के माध्यम से कार्य की गति और गुणवत्ता दोनों सुनिश्चित की जा रही हैं. डी-सिल्टिंग का बड़ा हिस्सा पूरा होने और आधुनिक मशीनों की तैनाती के साथ, विभाग का लक्ष्य है कि मानसून के चरम से पहले सभी कार्य पूरे कर लिए जाएं, ताकि राजधानी को हर साल होने वाली जलभराव की समस्या से राहत मिल सके.

    Follow on Google News Follow on Facebook Follow on X (Twitter) Follow on YouTube Follow on WhatsApp
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email Telegram WhatsApp Copy Link

    Keep Reading

    भगवंत मान सरकार द्वारा पाठ्य पुस्तकों के वितरण में एकाधिकार समाप्त; निजी स्कूलों के विद्यार्थियों को बोर्ड द्वारा सीधे तौर पर की जाएगी किताबों की सप्लाई : हरजोत सिंह बैंस

    पंजाब का नशों विरूद्ध युद्ध: मान सरकार के अधीन कार्रवाई तेज, एनडीपीएस मामलों में 40% वृद्धि, जब्तियों में बड़ा उछाल

    फसली विविधता को बढ़ावा देने के लिए पंजाब में बनेगा बासमती का ‘सेंटर ऑफ एक्सीलेंस’ – मुख्यमंत्री

    खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री लाल चंद कटारूचक्क ने भगतांवाला अनाज मंडी में चल रही गेहूं खरीद का लिया जायजा

    ‘गैंगस्टरां ते वार’ की शुरुआत के बाद पंजाब में गैंगस्टरों से संबंधित हत्याओं में भारी कमी, गोलीबारी की घटनाएं 69 प्रतिशत घटीं

    मुख्य मंत्री ने हॉलैंड के महान हॉकी खिलाड़ी फ्लोरिस जान बोवेलैंडर से की मुलाकात, पंजाब के खिलाड़ियों को प्रशिक्षण देने का दिया आमंत्रण

    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube

    राज्य -  दिल्ली    उत्तर प्रदेश    उत्तराखण्ड    मध्य प्रदेश    छत्तीसगढ़    हिमांचल प्रदेश    पंजाब    झारखण्ड    बिहार   राजस्थान    हरियाणा

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.