बेलगावी : कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री एवं भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता बी एस येदियुरप्पा ने चुनावी राजनीति से संन्यास (Retirement From Electoral Politics) लेने की घोषणा की है। श्री येदियुरप्पा ने कहा कि वह केंद्रीय राजनीति में रहने के इच्छुक भी नहीं हैं, लेकिन राज्य में भाजपा की सत्ता वापसी चाहते हैं। उन्हाेंने सोमवार को कहा कि वह चुनावी राजनीति से संन्यास ले रहे हैं और वह केन्द्रीय राजनीति में रहने के इच्छुक भी नहीं हैं, पर राजनीति में बने रहेंगे। उन्होंने कहा कि वह राज्य में भाजपा की सत्ता में वापसी चाहते हैं।
इसे भी पढ़ें – महिला यात्री ने अबु धाबी-मुंबई उड़ान में विमानकर्मी को मुक्का मारा, गिरफ्तार हुई
उन्होंने कहा कि उनके चुनाव नहीं लड़ने का मतलब यह नहीं है कि वह राजनीति से संन्यास ले रहे हैं। उन्होंने कहा कि इसके बजाय, वह राज्य में भाजपा को सत्ता में वापस लाने के लिए राज्य का दौरा करेंगे। गौरतलब है कि श्री येदियुरप्पा एक शक्तिशाली लिंगायत नेता हैं। श्री येदियुरप्पा ने संवाददाताओं से कहा, “ मैं अब 80 साल का हो गया हूं, इसलिए मैं चुनाव नहीं लड़ूंगा, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि मैं राजनीति से संन्यास ले रहा हूं। मैं राज्य भर में यात्रा करूंगा और भाजपा को सत्ता में वापस लाने के लिए भरसक प्रयास करूंगा।
इसे भी पढ़ें – 9 सालों में भारत को देखने का दुनिया का नजरिया बदला है : राष्ट्रपति मुर्मू
Retirement From Electoral Politics – उन्होंने कहा कि उनका लक्ष्य 2024 के लोकसभा चुनाव में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की जीत सुनिश्चित करना भी है। पिछले साल 22 जुलाई को श्री येदियुरप्पा नेता ने चुनावी राजनीति से संन्यास लेने का संकेत दिया था, जब उन्होंने कहा था कि वह राज्य में अगले विधानसभा चुनाव में शिकारीपुरा विधानसभा सीट अपने छोटे पुत्र बी वाई विजयेंद्र के लिए छोड़ देंगे। श्री विजयेंद्र को येदियुरप्पा के राजनीतिक उत्तराधिकारी के रूप में देखा जा रहा है। श्री येदियुरप्पा ने 26 जुलाई 2021 को मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया था।

