रांची:भारत रत्न और पूर्व गृहमंत्री सरदार वल्लभ भाई पटेल की 150वीं जयंती वर्ष के उपलक्ष्य पर शनिवार को रांची के आर्यभट्ट सभागार में एक कार्यक्रम आयोजन किया गया. सरदार पटेल स्मृति समिति की ओर से आयोजित कार्यक्रम में राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार, भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष और राज्यसभा सांसद आदित्य साहू, पूर्व मंत्री और रांची से भाजपा विधायक सीपी सिंह, मेयर रौशनी खलखो सहित कई गणमान्य लोग शामिल हुए.
राज्यपाल ने सरदार पटेल को दी श्रद्धांजलि
सरदार पटेल स्मृति समिति द्वारा आयोजित सरदार वल्लभ भाई पटेल की 150वीं जयंती वर्ष समारोह के अवसर पर राज्यपाल और अन्य अतिथियों के राष्ट्र के महान सपूत ‘लौह पुरुष’ सरदार वल्लभ भाई पटेल को श्रद्धांजलि अर्पित की. इस मौके पर वक्ताओं ने कहा कि सरदार पटेल के अदम्य साहस, दृढ़ संकल्प और दूरदर्शी नेतृत्व ने स्वतंत्र भारत की एकता और अखंडता को सुदृढ़ आधार प्रदान किया. सरदार वल्लभ भाई पटेल की जयंती कार्यक्रम में सैकड़ों की संख्या में स्कूली बच्चे भी शामिल हुए थे. स्कूल-कॉलेजों के छात्र-छात्राओं में सरदार पटेल के विचारों और उनके योगदान को जानने में गहरी रुचि दिखाई दी.
सरदार वल्लभ भाई पटेल का जन्म 31 अक्टूबर को 1875 ई. को हुआ था और वर्ष 2026 में उनके जन्म के 150 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में पूरे देश में उनकी जयंती वर्ष समारोह अलग-अलग तिथियों पर मनाया जा रहा है. इसका उद्देश्य उनके विचारों और राष्ट्रीय एकता के संदेश को जन-जन तक पहुंचाना है. सरदार पटेल को “लौह पुरुष” के रूप में जाना जाता है. उन्होंने देश की एकता और अखंडता के लिए जो कार्य किया, वह सदैव अविस्मरणीय रहा. उन्होंने 500 से अधिक रियासतों का भारत में विलय कर एक मजबूत राष्ट्र की नींव रखी.भारत आज जिस एकता और स्थिरता के साथ आगे बढ़ रहा है, उसमें सरदार पटेल का योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण है. उनके द्वारा किए गए कार्यों की बदौलत ही आज हम एक संगठित और सशक्त भारत में सांस ले रहे हैं.
सरदार पटेल के बताए रास्ते पर चलने की जरूरत-राज्यपाल
कार्यक्रम के दौरान राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने कहा कि हमें आज भी लौह पुरुष के बताए रास्ते पर चलने की जरूरत है. उन्होंने कहा कि सरदार पटेल जितने प्रासंगिक पहले थे, उतने ही प्रासंगिक आज हैं. राज्यपाल ने कहा कि बिस्मार्क से ज्यादा क्षमतावान थे. देश की एकता में सरदार पटेल का योगदान सबसे अधिक था, लेकिन कांग्रेस ने उन्हें कभी सम्मान नहीं दिया.
कांग्रेस ने कभी सरदार पटेल को सम्मान नहीं दियाः सीपी सिंह
वहीं पूर्व मंत्री और रांची विधायक सीपी सिंह ने कहा कि कांग्रेस ने कभी सरदार पटेल को सम्मान नहीं दिया. उन्होंने कहा कि जब तक सूरज चांद रहेगा, तब तक सरदार का नाम रहेगा. कार्यक्रम के दौरान लौह पुरुष को केंद्र में रखकर लिखी गयी स्मारिका का भी विमोचन अतिथियों द्वारा किया गया.
