रामनवमी पर देश के अलग-अलग राज्यों में हुई हिंसा (Ram Navami Violence) के मामलों में पुलिस व प्रशासन ने बड़ी सख्ती दिखाई है। खबर है कि अब तक गुजरात, मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र में 130 से ज्यादा लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है। इसके अलावा मध्यप्रदेश में हिंसा में शामिल आरोपियों के घरों और दुकानों पर बुलडोजर चलाकर कार्यवाही की गयी है। मालूम हो कि रविवार को कई राज्यों से रामनवमी जुलूस के दौरान हिंसा की खबरें सामने आई थी।

इसे भी पढ़ें – हरियाणा कांग्रेस में भी खींचतान,दलित नेता कुमारी शैलजा द्वारा इस्तीफे की पेशकश

Ram Navami Violence – जानकारी के अनुसार मध्य प्रदेश में 84, गुजरात में 39 और मुंबई उपनगरीय इलाकों में 7 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। वहीं, एमपी के खरगोन और सेंधवा में कर्फ्यू लागू है। यहां सोमवार को बुलडोजर और जेसीबी के जरिए हिंसा में शामिल आरोपियों के कम से कम 50 घरों और दुकानों को तोड़ा गया। रविवार को हुई हिंसा में खरगोन एसपी सिद्धार्थ चौधरी और पांच अन्य पुलिसकर्मियों समेत कम से कम 27 लोग घायल हो गए थे।

ओडिशा के जोडा शहर में सोमवार दोपहर दो समुदायों में झड़प के बाद हालात तनावपूर्ण हो गए थे। इस दौरान कुछ नागरिकों और पुलिसकर्मियों के घायल होने की भी खबर है। स्थानीय प्रशासन ने जोडा में धारा 144 लागू कर दी गई है। रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से बताया गया है कि स्थानीय लोगों के विरोध के चलते ‘राम झंडा’ लेकर चल रहे जुलूस को आजाद बस्ती के जरिए जोडा से कैलाश नगर तक जाने की अनुमति नहीं मिलने पर विवाद शुरू हुआ।

इसे भी पढ़ें – पंजाब कांग्रेस के नए मुखिया अमरिंदर सिंह बरार और उनका सियासी सफर

पूर्वी मुंबई के उपनगरीय इलाके मानखुर्द में म्हाडा कॉलोनी के पास दो समुदायों के बीच विवाद हो गया था। इसमें दो लोगों को मामूली चोटें आई थी और 25 से 30 वाहनों में तोड़फोड़ की गई थी।गुजरात के खंभात शहर में सोमवार को भी तनाव जारी रहा। यहां रविवार को हुए सांप्रदायिक झड़प में एक व्यक्ति की मौत हो गई थी। रविवार को हिम्मतनगर शहर में हुई झड़प के मामले में सोमवार को कम से कम 30 लोगों को गिरफ्तार किया गया था। वहीं, झारखंड के लोहरदगा में रामनवमी उत्सव के दौरान हुए पथराव और आगजनी के बाद जिला प्रशासन ने निषेधाज्ञा लागू कर दी है।

Share.
Exit mobile version