मुंबई: बकरीद के त्योहार में अब महज चंद रोज ही बचे हैं। मुस्लिम समुदाय के लोग इसको लेकर तैयारियों में जुटे हैं। इस बीच मुंबई में बकरीद से पहले खुले में कुर्बानी को लेकर राजनीति गरमा गई है। बीजेपी (open sacrifice on Bakrid) नेता किरीट सोमैया ने मुंबई की मेयर, बृहन्मुंबई महानगरपालिका और पुलिस प्रशासन से मांग की है कि बकरीद के दौरान रिहायशी इलाकों, हाउसिंग सोसायटियों और चॉलों में खुलेआम बकरों की कुर्बानी पर सख्ती से रोक लगाई जाए। सोमैया ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट करते हुए कहा कि धार्मिक परंपरा के नाम पर खुले में जानवरों की कुर्बानी की अनुमति नहीं दी जा सकती।
📜 नियमों की अनदेखी का आरोप
बीजेपी नेता ने मुंबई की मेयर ऋतु राजेश तावड़े को पत्र लिखकर शहर की सीमा के अंदर पशु वध से संबंधित मौजूदा नियमों को सख्ती से लागू करने की मांग भी की। अपने पत्र में उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग अदालतों और नगर निगम द्वारा लगाए गए प्रतिबंधों के बावजूद बकरीद और अन्य अवसरों पर नियमों की अनदेखी कर खुले में बकरों की कुर्बानी करते हैं। सोमैया ने कहा कि अदालतों और नगर निगम की ओर से इस संबंध में पहले से नियम तय किए गए हैं, लेकिन उनका सही तरीके से जमीनी स्तर पर पालन नहीं हो रहा है।
⚖️ आवासीय परिसरों में पशु वध प्रतिबंधित
सोमैया ने कहा कि नगर निगम को इस मामले में सभी वार्ड कार्यालयों और संबंधित अधिकारियों को सख्त निर्देश जारी करने चाहिए। उन्होंने कहा कि संबंधित वध कानूनों के अनुसार मुंबई में किसी भी आवासीय परिसर के आसपास बकरों की कुर्बानी देना पूरी तरह प्रतिबंधित है। उन्होंने मेयर से बकरीद के त्योहार से पहले वध कानूनों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करने के लिए नगरपालिका अधिकारियों को नए और कड़े दिशा-निर्देश जारी करने का (open sacrifice on Bakrid) अनुरोध किया है ताकि आम नागरिकों को कोई परेशानी न हो।


