जबलपुर: मध्य प्रदेश के जबलपुर में क्राइम ब्रांच और स्थानीय पुलिस ने नशीले इंजेक्शनों के एक बड़े नेटवर्क पर सर्जिकल स्ट्राइक की है। इस संयुक्त कार्रवाई में दो मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव (MR) सहित कुल छह आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने इनके पास से 6600 नशीले इंजेक्शन बरामद किए हैं, जिनकी अनुमानित बाजार कीमत लगभग 15 लाख रुपये है। ये इंजेक्शन उत्तर प्रदेश से जबलपुर के नशे के बाजार तक पहुंचाए जा रहे थे, जिसे पुलिस ने अपनी सक्रियता से ध्वस्त कर दिया है।

🕵️‍♂️ ऐसे काम करता था गिरोह: मेडिकल फील्ड की जानकारी का लिया फायदा

एडिशनल एसपी क्राइम जितेंद्र सिंह के अनुसार, बेलबाग थाना क्षेत्र में 5 आरोपियों को 3200 इंजेक्शनों के साथ, जबकि आधारताल थाना क्षेत्र में एक आरोपी को 3400 इंजेक्शनों के साथ पकड़ा गया है। इस नेटवर्क में शामिल दो आरोपी मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव हैं, जो दवा उद्योग से जुड़े होने के कारण प्रतिबंधित दवाओं की खरीद-फरोख्त की बारीकियों को जानते थे। वे मेडिकल नेटवर्क का दुरुपयोग कर प्रतिबंधित दवाओं को अवैध रूप से शहर में खपा रहे थे।

💉 घातक कॉम्बिनेशन: बुप्रेनॉर्फिन और एविल का कर रहे थे इस्तेमाल

पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी बुप्रेनॉर्फिन टेलजेसिक (Buprenorphine) और एविल (Avil) इंजेक्शन का एक खतरनाक कॉम्बिनेशन बनाकर उसे नशे के आदी लोगों को बेचते थे। एक पैकेट की कीमत 200 से 1000 रुपये तक वसूलकर यह गिरोह युवाओं को नशे की गर्त में धकेलने का काम कर रहा था। ये इंजेक्शन प्रतिबंधित श्रेणी में आते हैं और इनका उपयोग केवल चिकित्सकीय निगरानी में ही वैध है, लेकिन आरोपी बिना किसी डॉक्टर की पर्ची के इनका अवैध कारोबार कर रहे थे।

🔍 यूपी तक फैली सप्लाई चेन: पुलिस की टीमें जांच में जुटीं

इस पूरे अवैध नेटवर्क की जड़ें उत्तर प्रदेश तक फैली हुई हैं। पुलिस की एक विशेष टीम मामले की गहराई से जांच के लिए उत्तर प्रदेश भेजी गई है। इसके अलावा हनुमानताल क्षेत्र के कुछ और संदिग्ध आरोपियों की भी पहचान की गई है, जिनकी तलाश में पुलिस जुटी है। पुलिस का स्पष्ट कहना है कि इस गिरोह से जुड़े किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा और जल्द ही सप्लाई चेन के मुख्य सरगनाओं को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

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