इंदौर मेट्रो रेल परियोजना अब अपने दूसरे चरण में प्रवेश कर रही है, जो शहर के लिए एक नया इतिहास रचने वाली है। परियोजना के तहत जमीन से 20 मीटर गहराई तक खुदाई करने में सक्षम ‘टनल बोरिंग मशीनें’ (TBM) जल्द ही इंदौर पहुंचने वाली हैं। जर्मनी तकनीक और थाईलैंड में असेंबल की गई ये अत्याधुनिक मशीनें अगले दो माह (Indore Metro News) के भीतर एयरपोर्ट से टनल खुदाई का कार्य शुरू करेंगी।

Indore Metro News – इंदौर की भौगोलिक संरचना और शहर के घने रिहायशी इलाकों को देखते हुए इन मशीनों का चयन किया गया है। शहर के बीचोंबीच, जहां दशकों पुराने मकान हैं, वहां मेट्रो प्रोजेक्ट को बिना किसी क्षति के आगे बढ़ाना एक बड़ी चुनौती थी। इसी को ध्यान में रखते हुए 4 मशीनों का उपयोग किया जाएगा, जो जमीन के 20 मीटर नीचे उतरकर टनल का निर्माण करेंगी।

💰 राज्य सरकार उठाएगी अतिरिक्त ₹900 करोड़ का खर्च

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने घोषणा की है कि खजराना स्क्वायर से रेलवे स्टेशन तक की 3.3 किलोमीटर लंबी मेट्रो लाइन अब एलिवेटेड के बजाय अंडरग्राउंड बनाई जाएगी। इस बदलाव से परियोजना की लागत में लगभग ₹900 करोड़ का इजाफा होगा, जिसे राज्य सरकार वहन करेगी। यह निर्णय बेहतर ट्रैफिक मैनेजमेंट, शहर के विकास और लोगों की सुविधा को प्राथमिकता देते हुए लिया गया है।

Share.
Exit mobile version