लाल क़िले के ऐतिहासिक प्रांगण में शनिवार को आयोजित मेरी दिल्ली, मेरा देश के भव्य समारोह में दिल्ली के उपराज्यपाल वी.के. सक्सेना और मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने संयुक्त रूप से भागीदारी (Meri Delhi Mera Desh) करते हुए एक भारत, आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को साकार किया. यह आयोजन शनिवार को दिल्ली सहित विभिन्न राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों जैसे केरल, हरियाणा, मध्य प्रदेश, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश, छत्तीसगढ़, पंजाब, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, चंडीगढ़ और लक्षद्वीप के स्थापना दिवस के उपलक्ष्य में मनाया गया.

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इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने नागरिकों से आह्वान किया कि अब समय आ गया है जब दिल्ली के लोग एकजुट होकर शहर को विकास की नई ऊंचाइयों तक ले जाएं. उन्होंने यह भी कहा कि दिल्ली की विशेषता उसकी विविधता और अपनापन है. पंजाब के ऊर्जावान भांगड़ा, केरल की मोहक मोहिनीयट्टम, और कर्नाटक के पारंपरिक यक्षगान ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया. मध्य प्रदेश के लोकगीतों और छत्तीसगढ़ के जननृत्यों ने भारत की मिट्टी की सोंधी खुशबू को मंच पर साकार किया.

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Meri Delhi Mera Desh – मुख्यमंत्री ने कहा कि लाल किले की प्राचीन दीवारें दिल्ली के उत्थान, पतन और पुनर्जन्म तीनों की साक्षी रही हैं. मुख्यमंत्री ने नागरिकों से आह्वान किया कि अब समय आ गया है जब दिल्ली के लोग एकजुट होकर शहर को विकास की नई ऊंचाइयों तक ले जाएं. मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि दिल्ली की विशेषता उसकी विविधता और अपनापन है. हम सब अलग-अलग राज्यों से आकर दिल्ली में बसे हैं। अपने-अपने मूल राज्य के प्रति सम्मान और प्रेम तो हमारे दिल में सदैव रहेगा, पर हमें यह भी नहीं भूलना चाहिए कि दिल्ली भी हमारी है और यह देश भी हमारा है.

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