हृदय को स्वस्थ बनाए रखने के लिए आमतौर पर संतुलित खान-पान, नियमित व्यायाम, धूम्रपान से पूरी तरह दूरी और कोलेस्ट्रॉल नियंत्रित रखने की सलाह दी जाती है। हालांकि, आज की भागदौड़ भरी आधुनिक जीवनशैली में काम के लंबे घंटे, अनवरत मानसिक तनाव, नींद का अभाव और घंटों एक ही जगह बैठे रहने की आदतें भी हृदय के (Healthy Heart Lifestyle) स्वास्थ्य को सीधे तौर पर प्रभावित कर रही हैं।
Healthy Heart Lifestyle – ऐसे में हृदय को सुरक्षित रखने के लिए केवल सुबह या शाम थोड़ी देर वर्कआउट करना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि अपनी 24 घंटे की दिनचर्या में सुधार लाना अनिवार्य हो चुका है। विशेष रूप से उच्च रक्तचाप (हाई ब्लड प्रेशर), मधुमेह (डायबिटीज), मोटापे अथवा धूम्रपान से जूझ रहे लोगों के लिए तनाव प्रबंधन और पर्याप्त नींद पर ध्यान देना बेहद जरूरी है।
लंबे समय का मानसिक तनाव
लगातार तनाव, अपर्याप्त नींद, अत्यधिक काम का दबाव और दिनभर गतिहीन बैठे रहना हृदय के अनुकूल वातावरण को बिगाड़ देते हैं। यद्यपि तनाव अकेला हृदय रोग का एकमात्र कारण नहीं होता, किंतु यह सीधे तौर पर ब्लड प्रेशर, नींद के चक्र और दैनिक खान-पान की आदतों को असंतुलित कर देता है। इसलिए समय रहते इन ट्रिगर्स को पहचानकर धीरे-धीरे सुधार करना आवश्यक है।
छोटे-छोटे कदम लाएंगे बड़ा बदलाव
पोषक तत्वों से भरपूर ताजे फल, सब्जियां, साबुत अनाज का सेवन करें और तैलीय व प्रसंस्कृत भोजन से परहेज रखें। शरीर का वजन सामान्य बनाए रखें तथा ब्लड प्रेशर, ब्लड शुगर और कोलेस्ट्रॉल के स्तर की समय-समय पर निगरानी करें। तंबाकू और धूम्रपान हृदय की धमनियों को सीधा नुकसान पहुंचाते हैं, अतः इनसे पूरी तरह दूर रहें। हृदय की देखभाल कुछ दिनों का अभियान नहीं, बल्कि जीवनभर की एक स्वस्थ आदत होनी चाहिए। कार्यस्थल और घर दोनों जगह संयमित दिनचर्या अपनाकर आप अपने दिल को हमेशा स्वस्थ और सक्रिय रख सकते हैं।


