गाजियाबाद के खोड़ा थाना क्षेत्र में 17 वर्षीय सूर्या प्रताप चौहान की हत्या के मामले ने तूल पकड़ लिया है। इस जघन्य वारदात पर बहुजन समाज पार्टी की मुखिया और उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने गहरी चिंता व्यक्त की है। उन्होंने सोशल मीडिया के माध्यम से कहा कि इस तरह की घटनाएं बेहद दुखद हैं और राज्य सरकार को स्थिति को संभालने के लिए तत्काल और सख्त कदम उठाने की जरूरत है।
⚠️ सरकार को सतर्क रहने की चेतावनी
मायावती ने अपने बयान में स्पष्ट कहा कि प्रदेश में इस तरह की घटनाओं का बढ़ना चिंता का विषय है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा, “जैसे-जैसे चुनाव का समय नजदीक आ रहा है, ऐसी घटनाओं के व्यापक दुष्परिणाम हो सकते हैं, इसलिए सरकार को पूरी तरह सतर्क रहना चाहिए।” उन्होंने अपराधियों की पहचान कर उन्हें जल्द से जल्द कानूनी सजा दिलाने की मांग की है।
🔪 क्या है पूरा मामला?
आरोप है कि 28 मई (बकरीद) को सूर्या के दोस्त असद ने उसे फोन कर बुलाया था। सूर्या के परिजनों के अनुसार, विवाद तब शुरू हुआ जब सूर्या ने बकरे को हलाल होते देखने से मना कर दिया। इसी बात से नाराज होकर असद और उसके साथियों ने सूर्या पर चाकू से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल सूर्या ने नोएडा के फोर्टिस अस्पताल में उपचार के दौरान दम तोड़ दिया।
👮 पुलिस की कार्रवाई और स्थिति
मामले में मृतक के भाई यश की शिकायत पर FIR दर्ज कर ली गई है। पुलिस ने अब तक तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें दो नाबालिग शामिल हैं। दो अन्य संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है, जबकि मुख्य आरोपी और उसका परिवार अभी भी फरार है। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की तीन टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। घटना के बाद से ही स्थानीय स्तर पर भारी तनाव है, जिसके मद्देनजर खोड़ा इलाके में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।
संपादकीय टिप्पणी: यह मामला सांप्रदायिक सद्भाव और कानून-व्यवस्था के लिहाज से बेहद संवेदनशील है। प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है।


