स कॉन्फ्रेंस में काफी आक्रामक नजर आए। उन्होंने विपक्षी पार्टी कांग्रेस पर बेहद गंभीर आरोप लगाते हुए बयान दिया कि कांग्रेस देश के भीतर अराजकता का माहौल पैदा करना चाहती है और सुनियोजित तरीके से नरसंहार करवाना चाहती है। इसी सोची-समझी रणनीति के तहत पार्टी द्वारा आगामी एक नवंबर को आंदोलन करने की योजना बनाई गई है। उन्होंने इतिहास का हवाला देते हुए याद दिलाया कि 31 अक्टूबर को इंदिरा गांधी की हत्या हुई थी और उसके ठीक (Babulal Marandi on Congress) अगले दिन यानी एक नवंबर को पूरे देश में सिखों का भीषण नरसंहार हुआ था, और कांग्रेस की इस मानसिकता को जनता भली-भांति जानती है।
सनातन संस्कृति के पर्व-त्योहारों में खलल डालने के लिए रची जा रही साजिश
भाजपा नेता बाबूलाल मरांडी ने आगे कहा कि भारतीय जनता पार्टी कांग्रेस पार्टी की इन विभाजनकारी और देश विरोधी नीतियों को पूरे देश की जनता के सामने बेनकाब कर रही है कि किस प्रकार यह पार्टी देश में अशांति फैलाना चाहती है। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर राहुल गांधी के राजनीतिक आंदोलन हमेशा उसी समय क्यों तय होते हैं जब सनातन धर्म के बड़े और प्रमुख पर्व-त्योहार आते हैं? उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि 25 नवंबर से 1 जनवरी के बीच या फिर ईद जैसे विशेष और पवित्र अवसरों पर राहुल गांधी का कोई भी बड़ा कार्यक्रम देखने को नहीं मिलता है।
चार नवंबर को पलामू में होगी ‘लोकतंत्र बचाओ अराजकता हटाओ’ पदयात्रा
कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों की असल नीयत और चाल-चरित्र को जनता तक पहुंचाने के लिए भारतीय जनता पार्टी ने राष्ट्रव्यापी ‘लोकतंत्र बचाओ अराजकता हटाओ’ अभियान का आगाज किया है। इसी कड़ी में आगामी 4 नवंबर को पलामू जिले में एक भव्य पदयात्रा भी निकाली जाएगी। बाबूलाल मरांडी ने आरोप लगाया कि प्रशांत भूषण और नेहा बोरा जैसे चेहरे भी प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से कांग्रेस पार्टी का ही हिस्सा और अंग हैं, जो देश के अंदर अस्थिरता और (Babulal Marandi on Congress) अराजकता का वातावरण तैयार करने में जुटे हुए हैं।


