गुरु का बाग (अमृतसर): पंजाब के अमृतसर ग्रामीण क्षेत्र अंतर्गत थाना झंडेर पुलिस और सीआईए (CIA) स्टाफ की संयुक्त टीम के साथ हुई भीषण मुठभेड़ में कुख्यात बदमाश करनबीर सिंह उर्फ नंदी मारा गया। मृतक आरोपी राजासांसी के गांव जहांगीर का निवासी था। इस मुठभेड़ के दौरान दो पुलिसकर्मी भी गोली लगने से घायल हुए हैं, जिन्हें तत्काल नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
पुलिस द्वारा जारी आधिकारिक प्रेस नोट के अनुसार, थाना झंडेर के एसएचओ (SHO) को गुप्त सूचना मिली थी कि थाना राजासांसी में दर्ज संगीन मामले में वांछित करनबीर सिंह उर्फ नंदी क्षेत्र में सक्रिय है और किसी वारदात की फिराक में घूम रहा है। नंदी पूर्व में भी राजासांसी थाने की एफआईआर संख्या 214/2026 के मामले में नामजद था, जिसमें भल्ला गांव/शुगर मिल के पास एएसआई जसवंत सिंह पर जानलेवा फायरिंग करने का आरोप था।
⛓️ पुलिस हिरासत से फरार होने का था आरोपी: मजीठा थाने में दर्ज था एक और केस
आपराधिक इतिहास और वांछित होने का विवरण:
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हिरासत से भागने का मामला: पुलिस अधिकारियों के अनुसार, करनबीर सिंह नंदी को पकड़ने के लिए पुलिस लगातार अभियान चला रही थी। पूर्व में वह पुलिस की गिरफ्त से चकमा देकर फरार हो गया था।
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एफआईआर दर्ज: हिरासत से भागने के मामले में थाना मजीठा में उसके खिलाफ एफआईआर संख्या 161/2026 दर्ज थी।
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संयुक्त टीम का गठन: आरोपी के क्षेत्र में मौजूद होने की पुख्ता सूचना मिलते ही थाना झंडेर और सीआईए स्टाफ की विशेष टीमों ने संयुक्त रूप से उसकी घेराबंदी की योजना बनाई।
🔫 ड्रेन के पास पुलिस पार्टी पर 5 राउंड फायरिंग: बुलेटप्रूफ जैकेट ने बचाई हेड कांस्टेबल की जान
मुठभेड़ का घटनाक्रम और फायरिंग का विवरण:
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रुकने का इशारा: जब पुलिस की संयुक्त टीम थाना झंडेर के पास ड्रेन (नाले) के समीप नाकाबंदी पर तैनात थी, तभी नंदी मोटरसाइकिल पर आता हुआ दिखाई दिया। पुलिस पार्टी ने सतर्कता बरतते हुए उसे रुकने का इशारा किया।
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पुलिस पर हमला: पुलिस का कहना है कि नंदी ने रुकने के बजाय अपनी पिस्तौल से पुलिस टीम पर सीधी फायरिंग शुरू कर दी और लगातार करीब पांच राउंड गोलियां चलाईं।
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जवानों को लगी गोली: फायरिंग के दौरान हेड कांस्टेबल मनदीप सिंह की छाती पर गोली लगी। गनीमत रही कि उन्होंने बुलेटप्रूफ जैकेट पहनी हुई थी, जिसके कारण गोली शरीर के भीतर नहीं जा सकी और उनकी जान बच गई। वहीं, हेड कांस्टेबल अमृतपाल सिंह की टांग में गोली लग गई। दोनों घायल जवानों को तुरंत उपचार के लिए भेजा गया।
⚖️ आत्मरक्षा में पुलिस ने की जवाबी कार्रवाई: अस्पताल में इलाज के दौरान तोड़ा दम
जवाबी कार्रवाई और कानूनी औपचारिकताएं:
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जवाबी फायरिंग: पुलिस टीम ने आत्मरक्षा और जवाबी कार्रवाई करते हुए नियंत्रित रूप से पांच राउंड गोलियां चलाईं।
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अस्पताल में मौत: क्रॉस फायरिंग के दौरान करनबीर सिंह नंदी के पैर और छाती में गोलियां लगीं, जिससे वह वहीं गिर पड़ा। पुलिस पार्टी ने तुरंत उसे अपने सरकारी वाहन में बैठाकर सिविल अस्पताल अजनाला पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने उपचार के दौरान उसे मृत घोषित कर दिया।
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फॉरेंसिक जांच जारी: मुठभेड़ स्थल को सील कर फॉरेंसिक टीम और वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने मुआयना किया है और घटना में इस्तेमाल हथियार व मोटरसाइकिल को कब्जे में लेकर अग्रिम कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है।


