श्री अमरनाथ यात्रा 2026 शुरू होने से पहले रेल यात्रियों और शिवभक्तों के लिए एक बड़ी राहत भरी खबर आ रही है. पंजाब और जम्मू-कश्मीर को जोड़ने वाले सामरिक रूप से महत्वपूर्ण रावी पुल (पुल नंबर 17) पर रेल यातायात जल्द बहाल होने की उम्मीद है. पिछले साल अगस्त में आई भीषण बाढ़ के कारण क्षतिग्रस्त हुआ (good news for Amarnath pilgrims) यह पुल अगले महीने यानी मई तक पूरी तरह तैयार हो सकता है.
good news for Amarnath pilgrims – गौरतलब है कि अगस्त 2025 में रावी नदी में आई विनाशकारी बाढ़ के कारण पुल नंबर 17 का एक पिलर अपनी जगह से खिसक गया था. सुरक्षा के मद्देनजर रेलवे ने इस ट्रैक पर परिचालन बंद कर दिया था. तब से रेल यातायात केवल एक ही ट्रैक के भरोसे चल रहा है, जिससे जम्मू और कटरा जाने वाली कई महत्वपूर्ण ट्रेनों के रूट छोटे कर दिए गए या उन्हें रद्द करना पड़ा.
इस परियोजना की गंभीरता को देखते हुए रेलवे के उच्च अधिकारी लगातार ग्राउंड जीरो पर मौजूद हैं. जम्मू डिवीजन के DRM विवेक कुमार ने 10 दिनों के भीतर दूसरी बार पुल का निरीक्षण किया. इस बार उनके साथ कमिश्नर ऑफ रेलवे सेफ्टी (CRS) दिनेश चंद देशवाल और USBRL परियोजना के मुख्य प्रशासनिक अधिकारी आलोक मिश्रा सहित विशेषज्ञों की एक उच्च स्तरीय टीम भी मौजूद थी.
वंदे भारत सहित कई ट्रेनों की होगी वापसी
पुल क्षतिग्रस्त होने के कारण दिल्ली-कटरा वंदे भारत एक्सप्रेस, जम्मू-तवी गरीब रथ और ऋषिकेश एक्सप्रेस जैसी प्रीमियम ट्रेनें बुरी तरह प्रभावित हैं. जम्मू मेल को भी अंबाला कैंट तक ही सीमित कर दिया गया है. रेलवे का लक्ष्य है कि 3 जुलाई से शुरू होने वाली अमरनाथ यात्रा से पहले इन सभी ट्रेनों को बहाल कर दिया जाए, ताकि देशभर से आने वाले श्रद्धालुओं को सीधे जम्मू तक पहुंचाया जा सके.

