कोलकाता : पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस (TMC) के बड़े नेताओं पर जांच एजेंसियों का शिकंजा लगातार कसता जा रहा है। शनिवार को पश्चिम मेदिनीपुर के सालबोनी पुलिस की एक टीम अभिषेक बनर्जी के (action intensified in fake signature case) कालीघाट स्थित आवास पर पहुंची। यह कार्रवाई जमीन कब्जा और उगाही के एक मामले में उनके सचिव सुमित राय की तलाश के लिए की गई है।
इसे भी पढ़ें – भारत का बड़ा रणनीतिक कदम; आतंकवाद के जवाब में सिंधु जल का देशहित में होगा पूरा इस्तेमाल
action intensified in fake signature case – सूत्रों के अनुसार, पुलिस टीम ने घर का ताला तोड़कर प्रवेश किया। उस समय अभिषेक बनर्जी और ममता बनर्जी दोनों घर पर मौजूद थे। इससे पहले शुक्रवार को CID भी अभिषेक के घर नोटिस लेकर पहुंची थी, जिसे लेने से उन्होंने इनकार कर दिया था। उन्हें 16 तारीख को सुबह 11 बजे भवानी भवन में पेश होने के लिए कहा गया है। अभिषेक बनर्जी पहले ही फर्जी हस्ताक्षर मामले में CID के साथ 6 घंटे की पूछताछ का सामना कर चुके हैं।
✍️ क्या है ‘फर्जी हस्ताक्षर’ मामला?
यह पूरा विवाद ममता बनर्जी के आवास पर हुई एक बैठक से जुड़ा है, जिसमें विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष के चयन पर चर्चा हुई थी। आरोप है कि उस बैठक के दस्तावेजों पर उन विधायकों के भी फर्जी हस्ताक्षर कर दिए गए, जो उस बैठक में शामिल ही नहीं थे। इसी मामले को लेकर अभिषेक बनर्जी पर लगातार दबाव बढ़ रहा है।


