हजारीबाग : झारखंड के हजारीबाग जिले के राजनीतिक गलियारों से इस वक्त (MP vs MLA) की सबसे बड़ी खबर सामने आ रही है। हजारीबाग के सदर विधायक और हजारीबाग के वर्तमान सांसद एक-दूसरे पर सीधे तौर पर जमकर आरोप-प्रत्यारोप लगा रहे हैं, जिसने यह पूरी तरह से स्पष्ट कर दिया है कि दोनों शीर्ष नेताओं के बीच की दूरी अब एक गहरी खाई में तब्दील हो चुकी है। हजारीबाग में पिछले दिनों एक सार्वजनिक मंच से सांसद मनीष जायसवाल ने विधायक प्रदीप प्रसाद को ‘उदंड’ तक कह डाला था। इस कड़े बयान पर पलटवार करते हुए अब विधायक प्रदीप प्रसाद ने सांसद को ‘धृतराष्ट्र’ की संज्ञा दे दी है।
हजारीबाग संसदीय क्षेत्र में सांसद और विधायक दोनों ही भारतीय जनता पार्टी (BJP) के टिकट पर चुनकर आए हैं। लेकिन इन दोनों शीर्ष सनातनी नेताओं के सुर पिछले कुछ दिनों से कुछ इस अंदाज में चल रहे हैं कि जिले का हर आम नागरिक और राजनीतिक विश्लेषक यह सोचने को विवश हो गया है कि संगठन के भीतर संबंधों में भारी खटास आ चुकी है। इस विवाद को नया मोड़ देते हुए विधायक प्रदीप प्रसाद ने एक हाई-प्रोफाइल प्रेस वार्ता बुलाई और वहां टेबल पर हाथ में पवित्र ‘गीता’ रख कर कसम खाते हुए अपनी बातों को मीडिया के सामने रखा।
MP vs MLA – उन्होंने कहा, “मैं एक सच्चा सनातनी हूं, इसलिए गीता हाथ में लेकर कह रहा हूं कि मैं झूठ नहीं बोलूंगा।” प्रदीप प्रसाद ने इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में सांसद मनीष जायसवाल की कार्यप्रणाली पर कई गंभीर और हैरान करने वाले आरोप मढ़े। हजारीबाग के संजय सिंह क्रिकेट स्टेडियम की बाउंड्री से शुरू हुआ यह व्यक्तिगत विवाद अब आधिकारिक प्रेस वार्ताओं और खुले राजनीतिक युद्ध तक पहुंच चुका है।


