अमेरिका और ईरान के बीच मध्य पूर्व (Middle East) में तनाव एक बार फिर खतरनाक स्तर पर बढ़ता हुआ दिखाई दे रहा है. अमेरिकी रक्षा मंत्रालय ने आधिकारिक दावा किया है कि ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट की ओर चार बेहद खतरनाक और आत्मघाती हमलावर ड्रोन भेजे थे. स्थिति की गंभीरता को देखते हुए अमेरिकी सेना ने त्वरित कार्रवाई करते हुए उन सभी चारों ईरानी ड्रोन को हवा में ही मार गिराया. इस सैन्य टकराव के तुरंत बाद अमेरिकी वायुसेना ने ईरान के (America shot down 4 Iranian fighter drones) दो प्रमुख तटीय रडार ठिकानों पर भी जोरदार हवाई हमला कर उन्हें नेस्तनाबूद कर दिया.
इसे भी पढ़ें – जेलेंस्की ने पुतिन को लिखा खुला पत्र, ‘बहुत हुआ युद्ध, स्विट्जरलैंड या तुर्किये में सीधे मिलें’
America shot down 4 Iranian fighter drones – अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने इस संबंध में बताया कि ये चारों ड्रोन युद्धक हथियारों से लैस थे और होर्मुज स्ट्रेट की ओर तेजी से बढ़ रहे थे, जो अंतरराष्ट्रीय जलमार्ग में वाणिज्यिक जहाजों (Commercial Ships) की सुरक्षित आवाजाही के लिए एक बड़ा और तत्काल खतरा बन सकते थे.
गुस्से में ईरान ने कुवैत और बहरीन पर दागीं एक दर्जन से अधिक मिसाइलें
अमेरिकी सैन्य कमांडरों के मुताबिक, इन ड्रोन्स से समुद्री यातायात को तत्काल सुरक्षा खतरा था, इसलिए राष्ट्रीय सुरक्षा के तहत उन्हें रास्ते में ही हवा में नष्ट कर दिया गया. ड्रोन गिराए जाने के ठीक बाद अमेरिकी नौसेना और वायुसेना ने संयुक्त एक्शन लेते हुए ईरान के गोरुक और केश्म द्वीप (Qeshm Island) पर मौजूद तटीय निगरानी रडार सेंटर्स (Coastal Surveillance Radar Centers) को निशाना बनाया, जिनका इस्तेमाल अमेरिकी जहाजों की ट्रैकिंग के लिए किया जा रहा था. इस अमेरिकी सैन्य कार्रवाई से पूरी तरह तिलमिलाए ईरान ने कड़ा पलटवार करते हुए मध्य पूर्व के अमेरिकी सहयोगियों—कुवैत और बहरीन पर ताबड़तोड़ मिसाइल हमले शुरू कर दिए हैं.
