जम्मू-कश्मीर के पहलगाम की बैसरन घाटी में मंगलवार को हुए आतंकी हमले के बाद वहां अभी भी खौफ का माहौल कायम है. बेशक सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है. फिर भी लोगों के मन (Amarnath yatra will not be cancelled) में एक खौफ जरूर बरकरार है, जिसका नतीजा ये है कि कई टूरिस्ट्स ने अब कश्मीर घूमने की बुकिंग्स कैंसिल कर दी हैं. उधर तीन महीने बाद अमरनाथ यात्री भी होनी है. इसे लेकर अब सवाल उठ रहे हैं कि क्या अमरनाथ यात्रा होगी या नहीं?
Amarnath yatra will not be cancelled – इसका जवाब है- हां. आतंकी हमले के बावजूद 3 जुलाई से शुरू होने वाली अमरनाथ यात्रा रद्द नहीं होगी. जम्मू-कश्मीर के डिप्टी सीएम सुरिंदर चौधरी ने कहा- श्रद्धालुओं को डरने की जरूरत नहीं है. सूत्रों के अनुसार 3 जुलाई से होने वाली अमरनाथ यात्रा के लिए नई सुरक्षा योजना लागू होगी.
24 घंटे होगी निगरानी, बढ़ेगी सुरक्षा व्यवस्था
विशेष केंद्रीय कमांड सेंटर चौबीसों घंटे निगरानी करेगा. पहलगाम-सोनमर्ग में पर्यटकों की आवाजाही रोकी जा सकती है. सभी ट्रांजिट कैंपों पर कड़ी सुरक्षा होगी. ड्रोन और अन्य प्रकार के इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस को और बढ़ाया जाएगा. यात्रा में आमतौर पर तैनात रहने वाले डेढ़ लाश सुरक्षा कर्मियों की संख्या को भी बढ़ाया जाएगा.
क्या अमरनाथ यात्रा पर पड़ेगा इसका असर?
दरअसल, अमरनाथ यात्रा में हर साल बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं. न सिर्फ अमरनाथ यात्रा बल्कि वैष्णो देवी धाम की यात्रा पर भी इसका प्रभाव पड़ सकता है. बड़ी संख्या में पर्यटकों पर हुआ यह हमला लोगों में दहशत फैला रहा है.
जानकारी में सामने आया है कि पहलगाम में हुए इस टेरर अटैक में लगभग 8 से 10 आतंकी शामिल थे, जिनमें से दो-तीन स्थानीय मददगार भी थे और 5 से 7 आतंकी पाकिस्तान मूल के थे. स्थानीय लोगों की मदद से ही इन्होंने इलाके में यह हमला किया. जानकारी में यह भी सामने आया है कि आतंकी स्थानीय भाषा में ही बातचीत कर रहे थे, ताकि किसी को शक न हो. इस हमले में 28 लोगों की मौत हुई है. कई अन्य घायल हुए हैं.

