देश में धुरंधर कंपनियों की कोई कमी नहीं. लेकिन जो कंपनियां शेयर बाजार की धुरंधर हैं, उनकी संख्या सिर्फ 10 ही है. बीते 10 साल इन 10 कंपनियों में से 7 कंपनियों ने अपनी जेब में 14 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा डाले हैं. खास बात तो ये है कि देश की सबसे बड़ी कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज कमाई करने के मामले में सबसे (reliance and airtel) आगे रही. जिसकी जेब में पौने पांच लाख करोड़ रुपए से ज्यादा गए. उसके बाद सुनील मित्तल की कंपनी एयरटेल है, जिनके अकाउंट में करीब 3 लाख करोड़ रुपए आ गए.
खास बात तो ये है कि रिलायंस इंडस्ट्रीज और एयरटेल की हिस्सेदारी 14 लाख करोड़ रुपए में से 50 फीसदी की है. आंकड़ों को देखें तो 5 कंपनियों की वैल्यूएन में 1.50 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा का इजाफा देखने को मिला है. वहीं तीन कंपनियां ऐसी भी रहीं जिकनी वैल्यूएशन में बड़ी गिरावट देखने को मिली है.
reliance and airtel – टीसीएस, इंफोसिस और एलआईसी को कंबाइंडली करीब 4.50 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा का नुकसान हुआ है. जिसमें से 4.20 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा का नुकसान टीसीएस और इंफोसिस का ही है. इसमें से भी 3.20 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा का नुकसान टाटा ग्रुप की सबसे बड़ी कंपनी का है. आइए आपको भी बताते हैं कि आखिर देश की टॉप वैल्यूड कंपनियों को साल 2025 को कितना फायदा और कितना नुकसान हुआ है.
| कंपनियों के नाम | 31 दिसंबर 2025 को मार्केट कैप (करोड़ रुपए में) | 31 दिसंबर 2024 को मार्केट कैप (करोड़ रुपए में) | कितना हुआ इजाफा (करोड़ रुपए में) |
| रिलायंस इंडस्ट्रीज | 21,23,786.26 | 16,44,804.39 | 4,78,981.87 |
| एयरटेल | 12,00,692.32 | 9,05,579.85 | 2,95,112.47 |
| बजाज फाइनेंस | 6,13,941.44 | 4,24,460.56 | 1,89,480.88 |
| एसबीआई | 9,06,631.26 | 7,33,880.25 | 1,72,751.01 |
| एचडीएफसी बैंक | 15,25,765.45 | 13,63,412 | 1,62,353.45 |
| एलएंडटी | 5,61,663.43 | 4,96,309.58 | 65,353.85 |
| आईसीआईसीआई बैंक | 9,60,263.84 | 9,16,716.24 | 43,547.6 |
| टीसीएस | 11,59,868.41 | 14,82,402.82 | -3,22,534.41 |
| इंफोसिस | 6,71,581.29 | 7,81,368.39 | -1,09,787.1 |
| एलआईसी | 5,40,565.93 | 5,64,063.30 | -23,497.37 |


