रांची : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की 7 मई 2026 की राष्ट्र के नाम विशेष अपील के बाद रांची विश्वविद्यालय ने ऊर्जा संरक्षण और ईंधन बचत को लेकर एक व्यापक मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) जारी की है। इस दूरगामी पहल के तहत विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. सरोज शर्मा ने सभी छात्रों, शिक्षकों, अधिकारियों और कर्मचारियों से राष्ट्रहित में (sop after pm Modi’s appeal) ऊर्जा संरक्षण को अपने दैनिक जीवन का एक अनिवार्य हिस्सा बनाने की भावुक अपील की है।
🚲 कैंपस में साइकिल और पैदल चलने को बढ़ावा
जारी की गई नई एसओपी (SOP) में विश्वविद्यालय परिसर के भीतर साइकिल के उपयोग और पैदल आवागमन को बढ़ावा देने पर विशेष जोर दिया गया है। इसके साथ ही चार पहिया वाहन का उपयोग करने वाले स्टाफ और छात्रों को ‘कार पूलिंग’ अपनाने तथा यथासंभव सार्वजनिक परिवहन (पब्लिक ट्रांसपोर्ट) का उपयोग करने की सलाह दी गई है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने स्पष्ट कहा है कि परिसर के भीतर कम दूरी तय करने के लिए पेट्रोल-डीजल वाहनों के बजाय पैदल चलने की स्वस्थ आदत विकसित की जाए।
💻 अब ऑनलाइन माध्यम से होंगी आंतरिक बैठकें
विश्वविद्यालय प्रबंधन ने ईंधन और समय दोनों की बड़ी बचत करने के उद्देश्य से सभी आंतरिक बैठकों और समन्वय (कोऑर्डिनेशन) मीटिंग्स को यथासंभव ऑनलाइन माध्यम से ही आयोजित करने का कड़ा निर्देश दिया है। इसके अलावा, सभी कक्षाओं, प्रयोगशालाओं और कार्यालयों में बिजली के विवेकपूर्ण एवं अनुशासित उपयोग पर विशेष बल दिया गया है। जारी आदेश के अनुसार, कमरे से बाहर निकलते समय पंखे, लाइट और एयर कंडीशनर (AC) को अनिवार्य रूप से बंद रखना होगा।
💧 जल संरक्षण भी एसओपी का महत्वपूर्ण हिस्सा
ईंधन और बिजली के अलावा जल संरक्षण को भी इस एसओपी का एक महत्वपूर्ण और अभिन्न हिस्सा बनाया गया है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने पूरे कैंपस परिसर में पानी की बर्बादी को सख्ती से रोकने और (sop after pm Modi’s appeal) अनावश्यक रूप से नल खुला न छोड़ने की पुरजोर अपील की है।


