रांची। अपनी विभिन्न लंबित मांगों को लेकर झारखंड प्रदेश एंबुलेंस कर्मचारी संघ द्वारा चलाए जा रहे चरणबद्ध आंदोलन को संघ ने राज्य के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी के साथ हुई उच्चस्तरीय वार्ता के बाद फिलहाल स्थगित करने की घोषणा की है।
प्रदेश में 108 एंबुलेंस कर्मचारियों की ज्वलंत समस्याओं और जारी आंदोलन के समाधान के लिए स्वास्थ्य मंत्री की पहल पर नेपाल हाउस स्थित मंत्रालय में बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव की उपस्थिति में संघ के प्रमुख प्रतिनिधियों के साथ विस्तार से चर्चा हुई।
🏛️ मंत्रालय में हुई उच्चस्तरीय बैठक: समाधान के आश्वासन के बाद कर्मचारियों ने लिया राहत का निर्णय
बैठक के दौरान 108 एंबुलेंस कर्मचारियों की वेतन, बकाए और कार्य स्थिति से जुड़ी मांगों पर बिंदुवार मंथन किया गया।
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी की ओर से सरकार का पक्ष रखते हुए कर्मचारियों की समस्याओं के न्यायसंगत और शीघ्र समाधान का ठोस आश्वासन दिया गया। सरकार की इस सकारात्मक और सहयोगात्मक पहल को देखते हुए झारखंड प्रदेश एंबुलेंस कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष नीरज तिवारी ने वर्तमान में चल रहे आंदोलन को 20 दिनों के लिए स्थगित करने का औपचारिक ऐलान किया।
⚠️ 6 अक्टूबर से दोबारा आंदोलन की चेतावनी: निर्धारित समय सीमा में समाधान न होने पर ठप होंगी सेवाएं
संघ के प्रदेश अध्यक्ष नीरज तिवारी ने स्पष्ट किया कि उन्हें पूरा विश्वास है कि तय समय सीमा के भीतर सरकार कर्मचारियों की लंबित मांगों को पूरा करने की दिशा में ठोस कदम उठाएगी।
हालांकि, उन्होंने कड़े शब्दों में चेतावनी भी दी कि यदि निर्धारित अवधि में मांगों का सम्मानजनक समाधान नहीं निकाला गया, तो आगामी 6 अक्टूबर 2026 से एक बार फिर पूरे प्रदेश में चरणबद्ध तरीके से उग्र आंदोलन शुरू किया जाएगा, जिसकी पूरी जवाबदेही शासन की होगी।
🤝 बैठक में मौजूद रहे संघ और मजदूर संगठन के प्रतिनिधि: बीएमएस के वरिष्ठ नेताओं की रही मुख्य भूमिका
नेपाल हाउस में आयोजित इस महत्वपूर्ण बैठक में भारतीय मजदूर संघ (BMS) के महामंत्री राजीव रंजन सिंह, बीएमएस के प्रदेश मंत्री सह प्रभारी रामाशंकर प्रसाद, जिलामंत्री सुबोध कुमार यादव, संघ के प्रदेश अध्यक्ष नीरज तिवारी, मुकेश कुमार, रविकांत देव, कुणाल बनर्जी, रविंद्र शर्मा, राजकुमार साव, सुरेंद्र लहरी, मुकेश कुमार, अशोक कुमार, नवीन कुमार, निर्भय राणा, विकास कुमार, शंभू यादव और रामचंद्र साव सहित कई प्रमुख प्रतिनिधि उपस्थित रहे।


