Close Menu
करंट न्यूज़करंट न्यूज़
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • सुल्तानपुर में फिर मोची रामचेत की दुकान पर रुके राहुल गांधी, बेटी के इलाज का दिलाया भरोसा
    • “माता प्रसाद पांडेय को शिवपाल यादव का श्राप न लग जाए”, विधानसभा में CM योगी का बड़ा तंज
    • दिल्ली में AI समिट के दौरान यूथ कांग्रेस का शर्टलेस प्रदर्शन, बीजेपी बोली- ‘यह देश का अपमान है’
    • 400 किसानों पर गिरी पुलिस की गाज! भारी झड़प के बाद दर्ज हुआ मुकदमा, जानें क्या है पूरा विवाद
    • किसानों पर केस दर्ज करने को लेकर भड़के जोगिंदर सिंह उगराहां, पंजाब सरकार की तुलना ‘अंग्रेजों’ से की
    • सियासी जुबानी जंग: मजीठिया ने भगवंत मान पर बोला सीधा हमला, निजी आदतों को लेकर मुख्यमंत्री पर उठाए गंभीर सवाल
    • सुखबीर बादल का बड़ा धमाका: “नशा बेचने वाले AAP के कमाऊ पुत्त”, विधायकों की जेब में जा रहा हिस्सा
    • मिसाल बन गई स्वीटी! गोहाना की किन्नर स्वीटी ने समाज को दिखाया आईना, शुरू किया दुग्ध फार्म और बन गईं ‘एंप्लॉयर’
    करंट न्यूज़करंट न्यूज़
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    Friday, February 20
    • होम
    • राज्य
      • दिल्ली
      • उत्तर प्रदेश
      • उत्तराखण्ड
      • मध्य प्रदेश
      • छत्तीसगढ़
      • हिमांचल प्रदेश
      • पंजाब
      • झारखण्ड
      • बिहार
      • राजस्थान
      • हरियाणा
      • गुजरात
      • महाराष्ट्र
      • जम्मू कश्मीर
    • देश
    • विदेश
    • मनोरंजन
    • खेल
    • टेक्नोलॉजी
    • धार्मिक
    • लाइफ स्टाइल
    करंट न्यूज़करंट न्यूज़
    Home » चमत्कार! 5 साल की उम्र में खोया था बेटा, 14 साल बाद सोशल मीडिया के जरिए मिला

    चमत्कार! 5 साल की उम्र में खोया था बेटा, 14 साल बाद सोशल मीडिया के जरिए मिला

    February 20, 2026 झारखण्ड 2 Mins Read
    lost his son at age of 5
    Share
    Facebook Twitter Email WhatsApp Copy Link

    करीब 14 साल पहले चाईबासा से लापता हुआ एक मासूम अब अपने परिवार से मिलने के करीब है। बचपन में भटककर केरल पहुंचा यह बच्चा अब 18 साल का हो चुका है। सोशल मीडिया और सामाजिक (lost his son at age of 5) कार्यकर्ताओं की मदद से आखिर- कार उसके परिवार का पता चल पाया है।

    पश्चिमी सिंहभूम जिले के एक गांव से 5–6 साल की उम्र में लापता हुआ बालक भटकते हुए केरल पहुंच गया था। इतने साल घर से दूर रहने के कारण वह अपनी मातृभाषा, गांव और जिले का नाम तक भूल चुका था। उसे केवल अपने पिता बलराम, मां मानी, भाई फंटूश और छोटी बहन टुरकी के नाम याद थे। साथ ही उसे पहाड़ पर बने अपने घर की हल्की-सी याद थी। केरल के कन्नूर जिले में वह एक एनजीओ और चाइल्ड वेलफेयर कमेटी की देखरेख में रह रहा था। जब उसकी उम्र 18 साल होने वाली थी और संस्था में रहने की समयसीमा खत्म होने वाली थी, तब उसके परिवार को खोजने की कोशिश तेज कर दी गई।

    lost his son at age of 5 – परिवार का सही पता न मिलने पर सामाजिक कार्यकर्ता बासिल हेम्ब्रोम ने उसका एक वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर साझा किया। वीडियो में युवक ने अपनी यादों के आधार पर घर और परिवार का विवरण देते हुए लोगों से पहचान की अपील की। वीडियो तेजी से वायरल हुआ और लाखों लोगों तक पहुंच गया। यह वीडियो उसके रिश्तेदार हिम्मत गोप तक पहुंचा, जिन्होंने “ग्रामीण विमर्श” टीम से संपर्क किया। जांच के बाद पता चला कि उसका परिवार सोनुवा प्रखंड के आसनतलिया पंचायत अंतर्गत हाड़ीमारा गांव का रहने वाला है।

     

     

    Follow on Google News Follow on Facebook Follow on X (Twitter) Follow on YouTube Follow on WhatsApp
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email Telegram WhatsApp Copy Link

    Keep Reading

    बजट सत्र में हंगामा: SIR के मुद्दे पर आमने-सामने आए दिग्गज! नेता प्रतिपक्ष ने कांग्रेस पर साधा निशाना

    निकाय चुनाव पर रघुवर दास का बड़ा बयान—’3 साल में राज्य को हुआ 5100 करोड़ का घाटा’

    मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का आज धनबाद दौरा, विधायक चंद्रदेव महतो के भाई के श्राद्धकर्म में होंगे शामिल

    JPSC Civil Services : जेपीएससी सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा की तिथि बदली, अब 15 मार्च को होगा एग्जाम

    नक्सलियों का काल ‘झारखंड जगुआर’ हुआ 18 साल का, अब जवानों के लिए खुलेगा अपना अस्पताल

    जॉब के नाम पर थाईलैंड ले जाकर करवाते थे साइबर ठगी, पढ़ें चौंकाने वाला खुलासा

    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube

    राज्य -  दिल्ली    उत्तर प्रदेश    उत्तराखण्ड    मध्य प्रदेश    छत्तीसगढ़    हिमांचल प्रदेश    पंजाब    झारखण्ड    बिहार   राजस्थान    हरियाणा

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.