पलामू : झारखंड में जेपीएससी (JPSC) और जेएसएससी (JSSC) आंदोलनकारी छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में पलामू जिले में ‘झारखंड छात्र न्याय सत्याग्रह’ का भव्य आयोजन किया गया। पूर्व मंत्री कमलेश सिंह के सुपुत्र सूर्या सोनल सिंह के सशक्त नेतृत्व में विशाल संख्या में प्रतियोगी छात्र व युवा मेदिनीनगर स्थित समाहरणालय (Jharkhand students justice satyagraha) पहुंचे। वहां एकत्रित होकर युवाओं ने ‘न्याय सत्याग्रह’ का आयोजन किया और अत्यंत शांतिपूर्ण ढंग से अपनी मांगों को लेकर धरना प्रदर्शन किया।
Jharkhand students justice satyagraha – सत्याग्रह का नेतृत्व कर रहे युवा नेता सूर्या सोनल सिंह ने मीडिया व उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि JPSC और JSSC घोटालों के तार केवल झारखंड तक सीमित नहीं हैं, बल्कि इसमें एक ऐसा अंतर्राज्यीय माफिया नेटवर्क सक्रिय है जो झारखंड, बिहार सहित देश के कई अन्य राज्यों तक फैला हुआ है। उन्होंने जोर देकर कहा कि इस वृहद पैमाने के अंतर्राज्यीय मामले की तह तक पहुंचने के लिए केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) से जांच कराया जाना अत्यंत अनिवार्य है।
हाथ में काला बिल्ला बांधकर जताया विरोध
सत्याग्रह के दौरान उपस्थित आंदोलनकारी छात्रों व नेताओं ने अपने हाथ पर काला बिल्ला बांधकर पुलिस प्रशासन द्वारा किए गए लाठीचार्ज और सरकार के अड़ियल रवैये के प्रति अपना कड़ा आक्रोश व्यक्त किया। नेताओं ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार नियुक्ति परीक्षाओं में हुई भारी गड़बड़ियों और भ्रष्टाचार को उजागर होने से बचाने के डर से ही सीबीआई जांच कराने से कतरा रही है। उन्होंने कहा कि परीक्षाओं में जिस बड़े पैमाने पर अनियमितताएं हुई हैं, उससे स्पष्ट है कि दाल में कुछ काला नहीं बल्कि पूरी दाल ही काली है।


