इंदौर। कोर्ट के आदेश की अनदेखी अधिकारियों पर भारी पड़ी। मध्य प्रदेश हाई कोर्ट के न्यायमूर्ति प्रणय वर्मा की एकलपीठ ने पूर्व अपर मुख्य सचिव (एसीएस) मोहम्मद सुलेमान, पूर्व में आयुक्त स्वास्थ्य सेवाएं रहे और वर्तमान में आयुक्त आदिम जाति कल्याण तरुण राठी, उज्जैन स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त संचालक डॉ. डीके तिवारी और मंदसौर सीएमएचओ डॉ. गोविंद चौहान को कोर्ट की अवमानना का दोषी पाते हुए दो-दो माह कारावास की सजा सुनाई है। कोर्ट ने सजा को तीन सप्ताह के लिए स्थगित रखा है ताकि आदेश का पालन किया जा सके।

यह है मामला

मंदसौर स्वास्थ्य विभाग में पदस्थ कर्मचारियों के पक्ष में छह दिसंबर 2023 को हाई कोर्ट ने एक आदेश पारित किया था। कोर्ट ने इन कर्मचारियों को वर्ष 2004 से सात अप्रैल 2016 तक नियमितीकरण और उसके साथ सभी अनुषंगी लाभ देने के निर्देश दिए थे।

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