बुरहानपुर : देशभर में अनेकों मंदिर अपनी-अपनी परंपराओं और मान्यताओं के लिए प्रसिद्ध हैं, बुरहानपुर में भी एक ऐसा मंदिर मौजूद हैं, जो मकर संक्रांति पर अपनी अनोखी परंपरा के लिए प्रसिद्ध है. ये मंदिर है स्वामीनारायण मंदिर, जहां मान्यता है कि स्वयं भगवान स्वामीनारायण भी मकर संक्रांति पर पतंग उड़ाते हैं. यहां मकर (god himself flies kites) संक्रांति पर पतंगबाजी का आयोजन भी होता है और मंदिर का विशेष श्रृंगार किया जाता है. इस दिन भगवान को यहां पतंग उड़ाते हुए दर्शाया जाता है.
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ऐतिहासिक शहर बुरहानपुर में मकर संक्रांति पर पतंगबाजी के शौकीन सुबह से ही पतंगबाजी में जुट जाते हैं, छतों से पतंग आसमान में ऊंची उड़ान भरती हैं. वहीं, मकर संक्रांति पर मंदिर परिसर में जैसे ही पतंगबाजी का आयोजन शुरू होता है, भक्तों में उत्साह भर जाता है. भगवान के जयकारों से मंदिर परिसर गूंज उठता है और रंग-बिरंगी पतंगें आसमान में नजर आने लगती हैं. इस दौरान पूरा माहौल भक्तिमय हो जाता है.
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god himself flies kites – मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र, गुजरात सहित देश के कई हिस्सों से श्रद्धालु स्वामीनारायण मंदिर पहुंचते हैं. वे इस अलौकिक परंपरा के साक्षी बनते हैं. बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक, सभी के चेहरे पर आस्था और आनंद की झलक साफ दिखाई देती है. मान्यता है कि भगवान द्वारा पतंग उड़ाना जीवन में सुख, समृद्धि और सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक है. यही वजह है कि इस दिव्य दर्शन के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु आते हैं.


