ग्लोबल इन्वेस्टर समिट 2025 का आज से आगाज हो गया है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने समिट का उद्घाटन किया और प्रदेश में औद्योगिक विकास की तेजी को लेकर राज्य सरकार को बधाई दी. इस दौरान मुख्यमंत्री मोहन यादव ने सबसे पहले प्रधानमंत्री मोदी के साथ-साथ उद्योगपतियों और निवेशकों का आभार जताया. उन्होंने कहा (global investor summit begins new industrial era) कि यशस्वी प्रधानमंत्री की मौजूदगी से हमारा भोपाल ग्लोबल रूप से एक नई पहचान बनाने जा रहा है. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन में मध्य प्रदेश सतत विकास और औद्योगिक निवेश की दिशा में लगातार आगे बढ़ रहा है.
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मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि हमने आगामी 5 सालों में राज्य की अर्थव्यवस्था को दोगुना करने का लक्ष्य निश्चित किया है. एक साल पहले निवेश और औद्योगिक विकास की इस यात्रा को रीजनल इंडस्ट्रीज कॉन्क्लेव के माध्यम से बाबा महाकाल की नगरी उज्जैन से प्रारंभ किया. यहां से पहली बार रीजनल इंडस्ट्रीज कॉन्क्लेव की शुरुआत हुई. इसके बाद जबलपुर, ग्वालियर, सागर, रीवा, शहडोल, नर्मदमपुरम जैसे संभाग केंद्र बने. रीजनल इंडस्ट्रीज कॉन्क्लेव को और सफल बनाने के लिए हमने मुंबई, कोयंबटूर, बैंगलोर, कोलकाता, पुणे, दिल्ली में इन्वेस्ट एमपी रोड शो के आयोजन किए.
निवेश के लिए देश से लेकर विदेश तक यात्रा
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि न केवल देश में बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी यूके, जर्मनी और जापान में मध्य प्रदेश की विकास गाथा से दुनिया को अवगत कराने का प्रयास किया. हमारी सरकार ने उद्योगपतियों से लगातार संवाद करते हुए निवेश के लिए प्रोत्साहित करने का रोड मैप तैयार किया.
global investor summit begins new industrial era – मुख्यमंत्री यादव ने कहा कि अब हम अपनी निवेश नीतियों और निवेश फ्रेंडली इकोसिस्टम पर काम कर रहे हैं. जिसके आधार पर निवेश प्रोत्साहन के लिए 18 नई नीतियां लेकर हम आए हैं जिसका लोकार्पण प्रधानमंत्री के हाथों किया गया है. इसके लिए मध्य प्रदेश सरकार द्वारा जनविश्वास अधिनियम पारित किया गया है. इसके तहत सिंगल विंडो सिस्टम को बेहतर बनाना, शासन में पारदर्शिता लाना शामिल हैं. हमने साल 2025 को “उद्योग एवं रोजगार वर्ष” मनाने का निर्णय लिया है.
औद्योगिक विकास के लिए इकोसिस्टम का काम
सीएम यादव ने कहा कि किसी प्रदेश के औद्योगिक विकास के लिए चार मूलभूत आवश्यकता होती है-भूमि, जल, बिजली और कुशल कार्यबल. बाबा महाकाल की कृपा से मध्य प्रदेश में सरप्लस बिजली है, भरपूर पानी है, विशाल लैंड बैंक है और कुशल मानव संसाधन है. यहां की कानून व्यवस्था भी अनुकूल है. यही औद्योगिक विकास के लिए इकोसिस्टम का काम करेगा.
मध्य प्रदेश में मेगा फुटवियर क्लस्टर मुरैना, नवीकरणीय ऊर्जा उपकरण निर्माण मोहासा बाबई, पीएम मित्र पार्क धार सहित कई बड़े प्रोजेक्ट पर हम लगातार आगे बढ़ रहे हैं. विक्रम उद्योग पूरी उज्जैन में मेडिकल डिवाइस पार्क भारत सरकार के माध्यम से 900 एकड़ का पूरा हमारा डिवाइस पार्क आज की स्थिति में हमको दोबारा इतनी लैंड रिक्वायर्ड करनी पड़ रही है.
20 नए औद्योगिक पार्क की आधारशिला रखी जाएगी
उन्होंने कहा कि इसी के साथ 6 नए औद्योगिक विकास क्षेत्रों का भी हम नए प्रकार से संकल्प लेकर आगे बढ़ रहे हैं. 13 नए औद्योगिक पार्क न केवल पूर्ण हो रहे हैं बल्कि 20 और औद्योगिक पार्कों की आधारशिला रखी जाएगी. मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि मध्य प्रदेश में पर्यटन की भी अपार संभावनाएं हैं. बाबा महाकालेश्वर, ओंकारेश्वर न केवल ज्योतिर्लिंग धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा दे रहे हैं बल्कि इससे जुड़े हुए ओरछा, दतिया, भोजपुर, भीमबेटका सहित हमारा वन्य जीव का इकोसिस्टम लगातार लोगों को पर्यटन में आकर्षित कर रहा है.


