Close Menu
करंट न्यूज़करंट न्यूज़
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • EVM में टोटलाइजर से क्यों नहीं हो सकती वोटों की गिनती?: सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र और चुनाव आयोग से मांगा जवाब; जानें क्या है पूरा विवाद
    • किशनगंज: खकवा नदी के तेज बहाव में तैरकर जनाजा ले जाने की मजबूरी, ग्रामीणों ने डीएम और बिहार सरकार से की पुल निर्माण की गुहार
    • शिवपुरी में रहस्यमयी बीमारी का कहर: 10 दिनों में एक ही परिवार के 4 बच्चों की मौत, डेंगू-मलेरिया निगेटिव; स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप
    • भारतीय मुसलमानों के अधिकारों के लिए 51 सदस्यीय राष्ट्रीय निगरानी समिति का गठन: नई दिल्ली में ऐलान
    • अफगानिस्तान टी20 सीरीज के लिए टीम इंडिया का ऐलान: श्रेयस अय्यर बने कप्तान, युवा सनसनी वैभव सूर्यवंशी को मौका
    • ‘सैयारा’ फेम अनीत पड्डा की नई सीरीज ‘हुंकार: द रोर’ का टीजर रिलीज: जानें कहानी, स्टार कास्ट और OTT रिलीज डेट
    • नेपाल में 180 km/h की रफ्तार से आई ‘हिमालयी सुनामी’: रसुवा-धाडिंग में भारी तबाही, सुरंगों में बचाव के लिए भारत की विशेष टीम तैनात
    • LIC के दो नए धमाकेदार प्लान: गारंटीड सेविंग्स के साथ मिलेगा प्योर लाइफ कवर, 7 सितंबर से शुरू होगी बिक्री
    करंट न्यूज़करंट न्यूज़
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    Wednesday, September 2
    • होम
    • राज्य
      • दिल्ली
      • उत्तर प्रदेश
      • उत्तराखण्ड
      • मध्य प्रदेश
      • छत्तीसगढ़
      • हिमांचल प्रदेश
      • पंजाब
      • झारखण्ड
      • बिहार
      • राजस्थान
      • हरियाणा
      • गुजरात
      • महाराष्ट्र
      • जम्मू कश्मीर
    • देश
    • विदेश
    • मनोरंजन
    • खेल
    • टेक्नोलॉजी
    • धार्मिक
    • लाइफ स्टाइल
    करंट न्यूज़करंट न्यूज़
    Home » भारतीय मुसलमानों के अधिकारों के लिए 51 सदस्यीय राष्ट्रीय निगरानी समिति का गठन: नई दिल्ली में ऐलान

    भारतीय मुसलमानों के अधिकारों के लिए 51 सदस्यीय राष्ट्रीय निगरानी समिति का गठन: नई दिल्ली में ऐलान

    September 1, 2026 दिल्ली 4 Mins Read
    Share
    Facebook Twitter Email WhatsApp Copy Link

    नई दिल्ली: 24 जुलाई 2026 को आयोजित मुस्लिम नेताओं और बुद्धिजीवियों के राष्ट्रीय सम्मेलन में लिए गए ऐतिहासिक निर्णय के बाद मंगलवार को 51 सदस्यीय राष्ट्रीय निगरानी समिति (National Monitoring Committee) का औपचारिक गठन किया गया।

    इस समिति में सामाजिक, धार्मिक, कानूनी, राजनीतिक और नागरिक समाज (Civil Society) से जुड़े कई प्रमुख चेहरे शामिल हैं। इसका प्राथमिक उद्देश्य भारतीय मुसलमानों के संवैधानिक, नागरिक और लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए कानूनी और राजनीतिक माध्यमों से एकजुट होकर प्रभावी कदम उठाना है। समिति के सुचारू संचालन और समन्वय के लिए 10 सदस्यीय स्थायी सचिवालय भी गठित किया गया है।

    🏔️ संकटग्रस्त इलाकों के दौरे का निर्णय: उत्तराखंड के देहरादून से हुई पहली शुरुआत

    समिति की कार्ययोजना और जमीनी दौरे:

    • भरोसा बहाली का प्रयास: राष्ट्रीय निगरानी समिति की 24वीं बैठक में यह तय किया गया कि जिन राज्यों या क्षेत्रों में समुदाय के सामने गंभीर चुनौतियां और संकट हैं, वहां समिति के प्रतिनिधिमंडल जमीनी स्तर पर दौरे करेंगे।

    • देहरादून में अहम बैठकें: पहला दौरा दिल्ली के निकटवर्ती राज्य उत्तराखंड का किया गया। प्रतिनिधिमंडल ने देहरादून पहुंचकर राज्य के सिविल सोसाइटी प्रतिनिधियों और मुस्लिम नेतृत्व के साथ विस्तृत चर्चा की। इन बैठकों में वरिष्ठ कांग्रेस नेता गुरदीप सप्पल सहित कई सामाजिक और धार्मिक नेता उपस्थित रहे।

    ⚖️ ‘हम यहां किसी से भीख मांगने नहीं आए, अपने अधिकार लेने आए हैं’: सलमान खुर्शीद का बयान

    वरिष्ठ नेताओं और बुद्धिजीवियों का दृष्टिकोण:

    • सलमान खुर्शीद: पूर्व केंद्रीय मंत्री सलमान खुर्शीद ने कहा कि यह आंदोलन देश के मुसलमानों की एक सकारात्मक पहल है। उन्होंने स्पष्ट किया कि विविधता के बावजूद संविधान के तहत सभी नागरिकों के अधिकार समान हैं और हम किसी से भीख मांगने नहीं, बल्कि अपने संवैधानिक अधिकार सुरक्षित करने आए हैं।

    • मौलाना अत्ताउर रहमान कासमी: उन्होंने कहा कि यह कारवां आज के समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है, जिसे शहरों से लेकर गांवों और देहातों तक उन सभी कमजोर और हाशिए पर खड़े लोगों तक पहुंचना चाहिए जिन्हें सहारे की जरूरत है।

    • मोहम्मद अदीब: उन्होंने स्पष्ट किया कि यह संगठन ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड या किसी अन्य जमाअत के खिलाफ नहीं है। शरीयत के मामलों में पर्सनल लॉ बोर्ड की रहनुमाई मान्य है, जबकि यह समिति विशुद्ध रूप से राजनीतिक और नागरिक अधिकारों के दायरे में काम करेगी।

    🚨 ध्वस्तीकरण, विस्थापन और धार्मिक स्थलों पर हमलों पर गंभीर चिंता

    जमीनी स्थिति और कानूनी हस्तक्षेप:

    • नदीम खान का वक्तव्य: सामाजिक कार्यकर्ता नदीम खान ने कहा कि देश भर में बुलडोजर कार्रवाई (ध्वस्तीकरण), असम में विस्थापन, पुशबैक और धार्मिक स्थलों पर हमलों की घटनाओं से मुस्लिम समुदाय सीधे तौर पर प्रभावित हो रहा है।

    • गुजरात और राजस्थान का उल्लेख: गुजरात के कच्छ और राजस्थान के कुछ हिस्सों में दरगाहों व मस्जिदों को निशाना बनाए जाने की घटनाओं को संस्थागत चुनौती बताते हुए उन्होंने कहा कि समिति हिंसा के दस्तावेजों को तैयार करने और कानूनी मोर्चों पर हस्तक्षेप करने का कार्य कर रही है।

    • जस्टिस इकबाल अहमद अंसारी: पूर्व मुख्य न्यायाधीश जस्टिस इकबाल अहमद अंसारी ने असम के संदर्भ में कहा कि वहां की बेदखली प्रक्रिया में भाषाई और नागरिक अधिकारों का संतुलन बनाए रखते हुए निष्पक्षता से काम करने की आवश्यकता है।

    🤝 धर्मनिरपेक्ष ढांचे की रक्षा के लिए एकजुटता का आह्वान: सभी वर्गों से समर्थन की अपील

    संवैधानिक मूल्यों की बहाली पर जोर:

    • सैयद सआदतुल्लाह हुसैनी: उन्होंने कहा कि यह समिति पूरे देश के मुसलमानों का प्रतिनिधित्व करती है और इसका हस्तक्षेप केवल समुदाय तक सीमित न रहकर पूरे देश के लोकतांत्रिक ताने-बाने को मजबूत करने के लिए होगा।

    • फुजैल अहमद अय्यूबी और मौलाना मोहसिन अली तकवी: नेताओं ने कहा कि वकीलों, धार्मिक विद्वानों और सिविल सोसाइटी को एक मंच के नीचे आकर नाइंसाफी और धर्मनिरपेक्ष ढांचे पर हो रहे हमलों का मुकाबला करना होगा।

    • एसक्यूआर इलियास: उन्होंने यूसीसी (UCC), वोटर लिस्ट से नाम हटाने, मॉब लिंचिंग और मदरसों को निशाना बनाए जाने जैसे मुद्दों पर चिंता जताई और कहा कि देश के सभी समुदायों—हिंदू, मुस्लिम, सिख और ईसाई—को मिलकर संवैधानिक मूल्यों की रक्षा करनी होगी। कार्यक्रम का कुशल संचालन आईएमसीआर (IMCR) के सचिव आजम बेग ने किया।

    Follow on Google News Follow on Facebook Follow on X (Twitter) Follow on YouTube Follow on WhatsApp
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email Telegram WhatsApp Copy Link

    Keep Reading

    नोएडा मजदूर प्रदर्शन केस: DU छात्रा आकृति चौधरी की याचिका पर इलाहाबाद HC सख्त, यूपी सरकार से मांगे उकसाने के सबूत

    दिल्ली-NCR में मौसम का यू-टर्न: नोएडा और गाजियाबाद में झमाझम बारिश से उमस से राहत; कई सड़कों पर भरा पानी

    Dr. Anand Kumar Jain ने Dr. Indrajit Ghosh को ‘Excellence in Accounts’ अवार्ड से नवाजा

    ‘आरोपियों पर एक्शन नहीं, राहुल पर केस दर्ज’: जयराम रमेश बोले- 24 घंटे में साबित हो गया दलितों के साथ भेदभाव

    देश में मानसून का तांडव: उत्तराखंड-हिमाचल में फ्लैश फ्लड का खतरा; यूपी के 24 जिलों में आंधी-बिजली और भारी बारिश की चेतावनी

    चॉकलेट का लालच देकर सीढ़ियों के नीचे ले जाता था ड्राइवर; बवाना के निजी स्कूल में बच्ची से दरिंदगी, आरोपी विकास अरेस्ट

    • Facebook
    • YouTube
    • WhatsApp
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube

    राज्य -  दिल्ली    उत्तर प्रदेश    उत्तराखण्ड    मध्य प्रदेश    छत्तीसगढ़    हिमांचल प्रदेश    पंजाब    झारखण्ड    बिहार   राजस्थान    हरियाणा

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.