भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव देवास जिले की सोनकच्छ तहसील के पीपलरांवा गांव में हितग्राही सम्मेलन में शामिल हुए। इस दौरान अपने संबोधन में सीएम डॉ मोहन यादव ने कहा कि ब्रेन डेड व्यक्ति के अंगदान को प्रोत्साहन देने के लिए सरकार उन परिवारों को गार्ड ऑफ ऑनर देगी। उन परिवारों को 26 जनवरी और 15 अगस्त को सम्मानित किया जाएगा। सीएम डॉ मोहन यादव ने एक उदाहरण देते हुए बताया कि हाल ही में एक (chief minister mohan yadavs big announcement) व्यक्ति को ब्रेन डेड मरीज के अंगदान से नया जीवन मिला। उन्होंने कहा कि अंगदान को बढ़ावा देने के लिए सरकार ये नई पहल शुरु करने जा रही है, ताकि दुर्घटना, बीमारी या अन्य वजह से जो लोग ब्रेन डेड घोषित हों या जिनके जीवन की आशा नहीं बची हों उनके परिवारों की सहमति से किसी दूसरे व्यक्ति को जीवनदान मिल जाए।
कई योजनाओं के हितग्राहियों को मिली राशि
इस सम्मेलन में मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने लाड़ली बहना योजना की करीब 1 करोड़ 27 लाख महिलाओं के खाते में 1250 की मासिक किश्त के लिए 1553 करोड़ की राशि अंतरिक की। साथ ही सीएम डॉ यादव ने सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना के 56 लाख हितग्राहियों के खाते में 337 करोड़ रुपये अंतरित किये। उन्होंने किसान कल्याण योजना में 81 लाख हितग्राही किसानों के खाते में 1624 करोड़ रुपये भी अंतरित किये गये। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कार्यक्रम में 144 करोड़ के 53 विकास कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इसमें 102 करोड़ रुपये के 37 विकास कार्यों का लोकार्पण एवं 42 करोड़ रुपये के 16 विकास कार्यों का शिलान्यास शामिल हैं।
कांग्रेसियों के भाग्य में कुंभ नहाना नहीं’
इस दौरान उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस की सरकारों ने कभी गरीबों का भला नहीं किया। जबकि हम हर गरीब के जीवन में बेहतरी कैसे आए इसके लिए हमारी सरकार 24 घंटे काम कर रही है। मध्यप्रदेश को नंबर वन बनाने के संकल्प के साथ हम काम कर रहे हैं। साथ ही कुंभ स्नान को लेकर भी सीएम डॉ यादव ने कुंभ स्नान में न जाने पर कांग्रेस नेताओं पर तंज कसा और कहा उन लोगों को कुंभ नहाने में शर्म आती है, क्योंकि महाकुंभ में स्नान करना उनके भाग्य में नहीं है।
कई गांवों के नाम बदलने का ऐलान
chief minister mohan yadavs big announcement – मुख्यमंत्री डॉ मोहन मोहन यादव ने सोनकच्छ के भौंरासा से निकाली गई जलाभिषेक यात्रा का समापन किया। साथ ही जनभावनाओं को ध्यान में रखते हुए उन्होंने सोनकच्छ विधायक राजेश सोनकर की मांग पर तहसील के कई गांवों के नाम बदलने की भी घोषणा की।

