लखनऊ/मेरठ: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के सबसे लंबे एक्सप्रेसवे में से एक, 594 किलोमीटर लंबे गंगा एक्सप्रेसवे का उद्घाटन कर दिया है। करीब ₹36,000 करोड़ की लागत से तैयार यह एक्सप्रेसवे (Ganga Expressway Inauguration) उत्तर प्रदेश के 12 जिलों को जोड़ते हुए राज्य की औद्योगिक तस्वीर बदलने में बड़ी भूमिका निभाएगा।
सफर में बचत और कनेक्टिविटी का महाजाल
अभी तक मेरठ से प्रयागराज सड़क मार्ग से जाने में लगभग 11 घंटे लगते थे, लेकिन गंगा एक्सप्रेसवे के चालू होने के बाद यह समय घटकर मात्र 6 घंटे रह जाएगा। यह एक्सप्रेसवे यूपी के उन माइक्रो-मार्केट्स (Ganga Expressway Inauguration) को मुख्य धारा से जोड़ेगा जो अब तक कनेक्टिविटी की कमी से जूझ रहे थे।
इन 12 जिलों की चमकेगी किस्मत
| जिला | मुख्य लाभ |
| मेरठ | खेल सामग्री और लेदर प्रोडक्ट्स के लिए अब प्रयागराज और लखनऊ तक सीधा बड़ा बाजार मिलेगा। |
| हापुड़ | यहाँ बनने वाला लॉजिस्टिक क्लस्टर (IMLC) व्यापार और स्टोरेज की वर्ल्ड-क्लास सुविधा देगा। |
| बुलंदशहर | 120 हेक्टेयर में इंडस्ट्रियल कॉरिडोर से स्थानीय युवाओं को घर के पास ही रोजगार मिलेगा। |
| अमरोहा | गन्ने और आम के किसानों को दिल्ली-मेरठ के बड़े बाजारों तक तेज पहुंच मिलेगी। |
| संभल | कल्कि विष्णु मंदिर जैसे स्थलों तक श्रद्धालुओं की पहुंच आसान होगी, जिससे धार्मिक पर्यटन बढ़ेगा। |
| बदायूं | बायोगैस प्लांट और फूड प्रोसेसिंग यूनिट्स से औद्योगिक विकास को रफ्तार मिलेगी। |
| शाहजहांपुर | एयरस्ट्रिप की सुविधा से भविष्य में डिफेंस और कार्गो हब बनने की संभावना। |
| हरदोई व उन्नाव | हरदोई में जमीन की कीमतें 3 गुना बढ़ीं; उन्नाव में नए इंडस्ट्रियल कॉरिडोर से रोजगार बढ़ेगा। |
| प्रतापगढ़ व प्रयागराज | प्रतापगढ़ का आंवला अब दिल्ली तक जल्दी पहुंचेगा; प्रयागराज में पर्यटन और उद्योग को बूस्ट मिलेगा। |

