जगद्गुरु रामभद्राचार्य अपने बयानों को लेकर अक्सर ही चर्चाओं में बने रहते हैं. उन्होंने हाल ही में देश से जातिगत व्यवस्था खत्म करने की बात कही थी. हालांकि इस पर कांग्रेस के कई नेताओं ने आपत्ति दर्ज कराई है. इस मामले पर अब उदित राज का बयान सामने आया है. उन्होंने कहा कि देश में संविधान लागू है और पूरी तरह से (Udit Raj targeted Rambhadracharya) संविधान लागू हो जाए तो रामभद्राचार्य जेल के अंदर होंगे. उन्होंने रामभद्राचार्य को संविधान और कानूनों का सम्मान करने की सलाह दी है.
उदित राज ने कहा कि “संविधान ही जगद्गुरु रामभद्राचार्य का एक इलाज है. अगर आज संविधान पूरी तरह से लागू हो जाए, तो रामभद्राचार्य जेल के अंदर मिलेंगे. “उन्होंने कहा कि रामभद्राचार्य को केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री मोदी के सामने अपने विचार रखने चाहिए.
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आगे कहा कि दो-तिहाई बहुमत से जीतकर संसद में आओ और सरकार बनाकर कानून बदल लें या आपको लगता है कि प्रधानमंत्री मोदी आपकी बात सुनेंगे, क्योंकि आप उनके ग्रुप का हिस्सा हैं, फिर आप अपने मंत्रियों से रिजर्वेशन हटाने के लिए कह सकते हैं?” आगे कहा कि वेदों में कोई संसद नहीं है, कोई प्रधानमंत्री नहीं है, कोई मुख्यमंत्री नहीं है. यह आदमी मूर्ख है. मैं इस पर क्या कहूं?”
Udit Raj targeted Rambhadracharya – जगद्गुरु रामभद्राचार्य ने मंगलवार को एससी-एसटी एक्ट खत्म करने को लेकर बात कही थी. उन्होंने कहा था कि इसे रद्द कर देना चाहिए, क्योंकि वेदों में अवर्ण या सवर्ण का जिक्र नहीं है. वेदों में अवर्ण या सवर्ण का जिक्र नहीं है. राजनीतिक नेताओं ने यह सिस्टम शुरू किया है. रामभद्राचार्य के इसी बयान पर उदित राज ने पलटवार किया है.

